जिला महिला अस्पताल का गेट बंदकर प्रदर्शन करते कर्मचारी व अन्य।
- फोटो : Shivharsh Dwivedi
बकाए में जिला महिला अस्पताल के सरकारी आवास की कटी बिजली का खामियाजा शनिवार को मरीजों को भुगतना पड़ा। नाराज डॉक्टरों और कर्मचारियों के घरवालों ने महिला अस्पताल के मेन गेट पर ही ताला लगा दिया। इससे मरीजों को बिना इलाज ही लौटना पड़ा। उधर, अस्पताल प्रशासन भी किसी तरह से मामले को मैनेज करने में लगा रहा। करीब तीन घंटे तक अस्पताल गेट पर उत्पात चलता रहा।
महिला अस्पताल के कनेक्शन से आवासों की बिजली चलती है। एक बार बकाए को लेकर महिला अस्पताल की ही बिजली कट गई थी। इसके बाद से अस्पताल प्रशासन ने नोटिस जारी कर सभी पुराने बकाए देने और बिजली मीटर लगाने का निर्देश दिया मगर इस ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया और पहले की तरह ही व्यवस्था चलती रही। 47 लाख रुपये के बिजली बिल के बकाए में बिजली विभाग ने करीब पांच दिन पहले कनेक्शन काट दिया।
सुबह करीब 9 बजे आवास में रहने वाले लोग गुस्से में आए और ताला बंद कर दिए। धीरे-धीरे डॉक्टरों और कर्मचारियों के घरवाले जुटने लगे। बाद में महिला अस्पताल के एसआईसी डॉ. एके गुप्ता भी पहुंच गए। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने बिजली विभाग के अफसरों से बात की। विभाग ने एक हफ्ते में भुगतान करने की बात की। इसके बाद कनेक्शन जोड़ा गया, जिसके बाद मामला शांत हो सका।