नेशनल हाईवे अथारिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की 75 हजार किलोमीटर लंबी सड़क से कार, बस से यात्रा करने वालों का सफर और सुहाना व सुविधाजनक होगा। इसके लिए सड़क के किनारे अंतरराष्ट्रीय स्तर का यात्री प्लाजा बनवाने का फैसला किया गया है। वहां रेस्टोरेंट, रेस्ट हाउस, पेट्रोल पंप, एटीएम बूथ सहित तमाम आधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी।
महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट में बस्ती, संतकबीरनगर, गोरखपुर और कुशीनगर शामिल हैं। पहले चरण में बस्ती के फुटअहिया, कुशीनगर के तमकुहीराज में रेस्ट हाउस बनाने की मंजूरी मिली है।
हाईवे के सफर को विदेश जैसा बनाने का लक्ष्य है। इसीलिए हाईवे के किनारे हर 60 किलोमीटर पर पर्यावरण फ्रेंडली बिल्डिंग बनाने का निर्णय लिया गया। एनएचएआई की तरफ से कहा गया कि आसपास पेड़-पौधे लगाकर हरियाली बढ़ाई जाएगी। यात्रियों के आराम फरमाने के बेहतरीन इंतजाम होंगे। यूपी, उत्तराखंड और जम्मू सहित देश के अन्य राज्यों में सड़क के किनारे 32 यात्री प्लाजा बनाने की मंजूरी सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय से मिल चुकी है।
यूपी में कानपुर नगर के भोगनीपुर, कानपुर देहात के शहजादपुर अकबरपुर, लखनऊ के कमलापुर और बाराबंकी के राम सनेही घाट के पास यात्री प्लाजा बनाने की अनुमति मिली है। इनका निर्माण दिसंबर 2018 तक पूरा होगा। झांसी, वाराणसी, आगरा, जालौन, गाजियाबाद और फरीदाबाद में भी यात्री प्लाजा स्थापित किया जाएगा। एनएचआई ने जो प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनाई है, उसके मुताबिक हाईवे के सफर को अमेरिका, जापान, जर्मनी जैसा आरामदायक बनाना है। एक ही छत के नीचे सारी सुविधाएं मिलें, इस पर काम चल रहा है। एचपीसीएल ने नौ साइट पर यात्री प्लाजा बनाने का टेंडर हासिल किया है। एक यात्री प्लाजा बनाने में चार से पांच एकड़ जमीन की जरूरत पड़ेगी।
कार, बस यात्रियों को मिलने वाली सुविधा
पेट्रोल पंप, रेस्ट हाउस, रिटेल शॉप, दवा प्लाजा, एटीएम, दवा प्लाजा, शुद्ध पेयजल, इंटरनेट फैसिलिटी, डॉक्टर ऑन कॉल, बढ़िया, पार्किंग, गाड़ी सर्विस सेंटर, हवा और पंक्चर बनाने की व्यवस्था रहेगी।
ट्रक चालकों के लिए भी रहेगी व्यवस्था
हाईवे पर ट्रक खूब चलते हैं। इस लिहाज से हर 40 से 60 किलोमीटर पर ढाबा बनवाने का फैसला किया है। ढाबा के पास पार्किंग की सुविधा होगी। रेस्ट हाउस भी बनेगा। पेट्रोल पंप भी होगा। थकने के बाद ट्रक पार्किंग में खड़ा करके ड्राइवर, क्लीनर आराम कर सकेंगे। इससे हाईवे पर हादसे कम होंगे। सड़क पर खड़े ट्रकों से दुर्घटनाएं नहीं होंगी।
हाईवे के किनारे जिनके पास जमीन है, वही यात्री प्लाजा बना सकते हैं। कुछ निर्माण कार्यों में एचएचएआई भी मदद करेगा। यात्री सुविधाएं बेहतर रहें, इसकी मानीटरिंग की जाएगी। आर्थिक लेनदेन से हमारा कोई लेनॉ-नहीं रहेगा। यूपी में भी हाईवे के किनारे यात्री प्लाजा बनाए जाने हैं। टेंडर प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। 32 यात्री प्लाजा के नाम भी तय हो गए हैं। बस्ती, संतकबीरनगर, गोरखपुर, कुशीनगर और बिहार के मुजफ्फरनगर तक कई यात्री प्लाजा बनाए जाएंगे।
- एपी कुशवाहा, प्रोजेक्ट मैनेजर एनएचआई, गोरखपुर परिक्षेत्र