फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आंधी से फिर तार-खंभों पर मुसीबत बनकर गिरे पेड़ 

Sat, 28 May 2016 07:26 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
विज्ञापन
आंधी के बाद बिजली के तारों पर गिरे पेड़ - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
बीती रात आई आंधी-पानी से एक बार फिर पेड़ और उसकी टहनियां बिजली के तार-खंभों पर मुसीबत बनकर टूटीं। दर्जन भर से अधिक उपकेंद्रों पर जहां शुक्रवार की रात 11 बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी वहीं तमाम फीडर से जुड़े इलाके रात भर अंधेरे में रहे। सर्वाधिक मुसीबत जेल रोड और कृष्णानगर फीडर से जुड़े उपभोक्ताओं को झेलनी पड़ी।
विज्ञापन


कृष्णानगर फीडर से जुड़े इलाकों में तो करीब 22 घंटे बाद शाम साढ़े छह बजे आपूर्ति बहाल हो गई मगर जेल रोड के आस-पास के इलाकों में जब 23 घंटे बाद भी बिजली नहीं आई तो उपभोक्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। नाराज उपभोक्ता शाम सात बजे के करीब सड़क पर उतर गए और जेल रोड जाम कर दिया। मोहल्लों के लोगों ने उपकेंद्र पर भी हंगामा किया।  देर रात तक इन इलाकों में आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद जताई जा रही थी।

पूरी रात अंधेरे में गुजारने के बाद जब दिन में भी बिजली नहीं आई तो तमाम घरों में पानी का संकट खड़ा हो गया। सुबह तक सभी घरों के इनवर्टर भी जवाब दे गए। गनीमत यह रही कि दोपहर में मौसम थोड़ा ठंडा हो गया। मगर कटौती के घंटे जैसे-जैसे बढ़ते गए उपभोक्ताओं में आक्रोश भी बढ़ता गया। उनका कहना था कि वे कई बार उपकेंद्र के चक्कर लगाते रहे मगर कोई यह नहीं बताने वाला था कि आखिर आपूर्ति कब बहाल होगी। सुबह बताया गया कि दोपहर तक बिजली आ जाएगी और दोपहर में बताया गया कि अभी समय लगेगा।
विज्ञापन


उधर, शाहपुर खरैया पोखरा में दिन में 12 बजे आपूर्ति बहाल हुई तो रामजानकीनगर, रेल बिहार, राप्तीनगर फेज चार में सुबह 10 बजे लाइट आई। आवास विकास, शाहपुर में शाम चार बजे आपूर्ति बहाल हो सकी। बिजली कर्मचारियों से बदसलूकी जेल रोड फीडर से जुड़े इलाकों में जब शनिवार की दोपहर तक भी बिजली नहीं आई तो मोहल्ले के कुछ लोगों ने , तार और पोल दुरुस्त कर रहे बिजली कर्मचारियों से ही भीड़ गए। कुछ बिजली कर्मियों के साथ बदसलूकी भी हुई। विद्युत तकनीकी कर्मचारी संघ के मंडल संगठन मंत्री बृजेश त्रिपाठी ने कहा कि दोपहर 12 बजे नगर निगम ने पेड़ हटाया। तब जाकर जेल रोड और उसके आस-पास के क्षेत्रों में तार और पोल सही करने का काम शुरू हो सका। आंधी-पानी पर विभाग का तो कोई वश नहीं है। जगह-जगह पेड़ गिरने से कई खंभे और तार टूट गए। उन्हें जोड़ने में वक्त तो लगेगा ही। ऐसे में अगर उपभोक्ता सहयोग नहीं करेंगे तो काम करना मुश्किल होगा।  
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें