जिले को 1447 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का तोहफा
गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बुधवार को जिले को 1447 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का तोहफा दिया। धुरियापार में 1200 करोड़ की लागत से बनने वाले बायोफ्यूल प्लांट का शिलान्यास किया। साथ ही 43 करोड़ की लागत से बनने वाली 11 सड़कों का लोकार्पण हुआ। गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण (गीडा) में 204 करोड़ की लागत से बने इडेन के एलपीजी बॉटलिंग प्लांट का उद्घाटन किया। नवंबर 2019 से एलपीजी की आपूर्ति शुरू होगी। अब गोरखपुर, बस्ती और देवीपाटन मंडल के 11 जिलों में एलपीजी गैस की आपूर्ति के लिए दूसरे शहरों पर निर्भर नहीं होना पड़ेगा। अभी तक गैस सिलिंडर लखनऊ या फिर इलाहाबाद से मंगाया जाता था। इसी दौरान बैतालपुर स्थित बीपीसी के बाटलिंग प्लांट की क्षमता विस्तार का भी लोकार्पण किया गया।
मुख्यमंत्री और केंद्रीय पेट्रोलियम ने बुधवार को अलग-अलग कार्यक्रमों में हिस्सा लेकर जिले को विकास का बड़ा तोहफा दिया। सबसे पहले खाद कारखाना का निरीक्षण किया और कहा कि खाद कारखाना फरवरी 2021 तक चलने लगेगा। जापान की कंपनी तेजी से निर्माण कार्य करा रही है। 60 फीसदी काम पूरा हो चुका है। यह कारखाना 7000 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा है। इसका शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। प्रधानमंत्री मोदी ह उद्घाटन भी करेंगे। यह कारखाना 26 वर्षों से बंद था। यूरिया उत्पादन के बाद किसानों को बड़ी राहत मिलेगी। इसके बाद मुख्यमंत्री और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धुरियापार गए। वहां देश के पहले सेकेंड जनरेशन के बायोफ्यूल प्लांट का शिलान्यास किया। बायोप्लांट का निर्माण इंडियन ऑयल कारपोरेशन (आईओसी) की तरफ से कराया जा रहा है। इसके शिलान्यास के बाद मुख्यमंत्री ने जनसभा की और कहा कि प्लांट की मदद से नगरीय कचरे, खेत की पुआली और खरपतवार से ईंधन तैयार किया जाएगा। अब गाय और भैंस के गोबर के भी पैसे मिलने लगेंगे। यह किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम है। पूर्वांचल एक्सप्रेस के जरिए क्षेत्र के लोगों के आवागमन को आसान बनाने का काम चल रहा है। एक्सप्रेस वे से गोरखपुर लिंक होगा। इससे औद्योगिक विकास की रफ्तार तेज होगी। रोजगार की संभावनाएं बढ़ेंगी। लिंक एक्सप्रेस वे के दोनों तरफ औद्योगिक गलियारा बनाया जाएगा। गीडा का विस्तार होगा। युवाओं को गोरखपुर में ही रोजगार मिल जाएगा। उन्हें सिंगापुर या फिर बैंकाक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। गोरखपुर का विकास तेजी से हो रहा है। इस मौके पर राज्यसभा सांसद शिव प्रताप शुक्ल, सांसद कमलेश पासवान और रवि किशन भी मौजूद रहे।
नेपाल, भूटान को भी देंगे प्राकृतिक गैस
जनसभा में मौजूद केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि पूर्वांचल का विकास तेजी से हुआ है। गुजरात से सीएनजी की पाइपलाइन गोरखपुर तक पहुंचा दी गई है। सीएनजी से ही खाद कारखाना चलेगा। गोरखपुर में सीएनजी स्टेशन स्थापित करने का काम भी चल रहा है। हर घर में पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) सप्लाई का काम शुरू हो चुका है। जल्द ही घरों में पीएनजी से खाना बनने लगेगा। यह सस्ता और सुलभ होगा। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गुजरात से गोरखपुर आने वाली सीएनजी की पाइपलाइन के जरिए ही नेपाल और भूटान को जोड़ा जाएगा। दोनों देशों में प्राकृतिक गैस की आपूर्ति की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
देश की सबसे उन्नत तकनीक का है यह बॉटलिंग प्लांट
देरशाम मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने गीडा में आईओसी के बॉटलिंग प्लांट का उद्घाटन भी किया। सामान्य तौर पर देश के सभी बॉटलिंग प्लांट में 48 क्षमता का एक केराउजल लगा हुआ है लेकिन गोरखपुर के इस प्लांट में 48-48 क्षमता के दो केराउजल लगे हैं। इसके जरिए प्रति घंटे में करीब 6000 गैस सिलिंडर की फिलिंग होगी। वहीं, किसी भी दुर्घटना से बचने के लिए लीकेज के दौरान स्वत: बंद होने जैसी तकनीक से लैस किया गया है। निरीक्षण के दौरान आईओसी के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को प्लांट के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कहा कि रोजाना 34 हजार सिलिंडर की आपूर्ति की जा सकेगी।
अभी बुलेट टैंकर से होगी गैस की आपूर्ति
आने वाले समय में यहां पाइपलाइन से गैस की आपूर्ति होगी, जिसे सिलिंडर में भरा जाएगा। तब तक यहां बुलेट टैंकर से गैस लाया जाएगा फिर स्टोरेज कर गैस सिलिंडरों को भरा जाएगा। एक बुलेट टैंकर से 1260 सिलिंडरों को भरा जा सकता है।