महराजगंज के पनियरा थाना क्षेत्र के जर्दी गांव के मंदिर टोला अमहवा नाले से निकल कर मगरमच्छ रविवार की रात में चिरकूट सहानी के लौकी के खेत में आ गया। उस समय चिरकुट सहानी खेत की रखवाली कर रहे थे।
मगरमच्छ देखकर वह चिल्लाने लगे। आवाज को सुनकर आस पास के लोग जमा हो गए। मुश्किल से ग्रामीणों ने मगरमच्छ को बांस और रस्सी के सहारे बांधा और इसकी सूचना पुलिस व बांकी रेंज पनियरा के वन कर्मियों को दी।
लोग डर रहे थे कि कही रस्सी खुल गई तो जानलेवा हो सकता है। मौके पर पहुंचे बांकी रेंज पनियरा के वन कर्मियों ने ग्रामीणों के सहायता से मगरमच्छ को ट्रैक्टर ट्रॉली पर लादकर भौराबारी स्थित रोहिन नदी में छोड़ दिया।
क्षेत्रीय वन अधिकारी बांकी रेंज पनियरा महेश चंद्र ने बताया कि ग्राम प्रधान अवधेश ने इसकी सूचना फोन पर दी।सूचना के आधार पर जर्दी गांव के मंदिर टोला में वन कर्मियों के साथ पहुंचे।
मगरमच्छ को ग्रामीणों के सहयोग से पकड़ कर ट्रैक्टर ट्रॉली में लादकर भौराबारी के पास रोहिन नदी में छोड़ दिया गया। उन्होंने बताया कि मगरमच्छ लगभग छह क्विन्टल वजन है।