घायल छात्र अपनी चोटें दिखाता हुआ।
- फोटो : Shivharsh Dwivedi
गोरखपुर यूनिवर्सिटी में वर्चस्व को लेकर दो गुटों में तकरार हो गई। हॉस्टल में ताबड़तोड़ फायरिंग से सनसनी फैल गई। छात्रसंघ अध्यक्ष समर्थक और दूसरे गुट के बीच पहले डेलीगेसी में विवाद हुआ, जो हॉस्टल तक पहुंच गया। दोनों ही गुटों के लोगों ने अलग-अलग समय पर फायरिंग की है, जिससे अफरा-तफरी मच गई। फायरिंग की सूचना के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन और पुलिस पहुंच गई। इस दौरान हुए मारपीट में दो लोग घायल हुए थे, जिन्हें पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया।
गोरखपुर यूनिवर्सिटी छात्रसंघ अध्यक्ष अरविंद कुमार उर्फ अमन यादव के समर्थक तथा बीए प्रथम वर्ष के छात्र मनोज यादव का दूसरे गुट के छात्रों से विवाद हो गया था। शुक्रवार को संतकबीर हॉस्टल के सामने उसे विरोधी गुट के लोगों ने पीट दिया था। शनिवार को यूनिवर्सिटी में डेलीगेसी के सामने इनमें से एक युवक दिखा, जिसके बाद मनोज यादव अपने साथियों के साथ पहुंचा और उसकी पिटाई कर दी। यही से मामला बिगड़ गया और दोनों ही गुट के लोग सक्रिय हो गए। मनोज की तलाश में विरोधी गुट के छात्र आए और नहीं मिलने पर दहशत फैलाने के लिए फायरिंग कर दी। यहां पर फायरिंग के बाद छात्रों का एक गुट संतकबीर छात्रावास पहुंचे और छात्रसंघ अध्यक्ष के भाई के नाम एलाट कमरे में घुसकर वहां मौजूद दो युवकों की पिटाई कर दी।
कमरे में कुशीनगर के दुदही निवासी तथा एमए प्रथम वर्ष का छात्र पिंटू शर्मा अपने भाई विकास के साथ रहता था। विकास इंटर का छात्र है। वहां धमके लोगों ने दोनों भाइयों की पिटाई कर उन्हें कमरे से बाहर लेकर आए और छात्रावास के बाहर दो राउंड फिर फायरिंग की। गोली चलने की सूचना के बाद डायल-100 की वैन और कैंट पुलिस मौके पर पहुंची। तब तक हमलावर फरार हो गए थे। दोनों भाइयों का पुलिस ने प्राथमिक उपचार कराया और छात्रावास में अवैध रूप से रहने को लेकर हिरासत में ले लिया।
पुलिस ने तब तक मामला शांत करा दिया, मगर फिर दोपहर में करीब तीन बजे सपा का झंडा लगी सफारी गाड़ी से आए युवकों ने छात्रावास में कई राउंड फायरिंग की। आरोप है कि उस दौरान छात्रावास में वार्डेन और अधीक्षक भी मौजूद थे। गोली की आवाज सुनकर छात्रावास में रह रहे छात्रों ने अपने कमरे अंदर से बंद कर लिए। सूचना के बाद सीओ कैंट अभय मिश्रा मौके पर पहुंचे, इससे पहले हमलावर फरार हो गए।
यूनिवर्सिटी प्रशासन की ओर से कोई तहरीर नहीं आई है। दो घायल युवकों ने तहरीर दी है। मामले की जांच की जा रही है।
ओम हरि वाजपेयी, इंस्पेक्टर, कैंट