सिटी मजिस्ट्रेट की कोर्ट में फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत करके जमानत लेने वाले दो युवकों पर कैंट पुलिस ने जालसाजी का केस दर्ज किया है। 11 महीने पहले उन्होंने शांतिभंग के मामले में जमानत ली थी। विपक्षी की शिकायत पर हुई जांच में सच्चाई सामने आने के बाद जालसाजों पर कार्रवाई हुई है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
मियां बाजार के रहने वाले नौशाद खां का चार जुलाई 2015 को पड़ोसी बबलू उर्फ हैदर से विवाद हो गया था। मारपीट होने के बाद पुलिस ने दोनों पक्ष के लोगों का शांतिभंग के मामले में चालान किया था। बबलू उर्फ हैदर के वकील ने सिटी मजिस्ट्रेट के कोर्ट में जमानत के लिए नयाब और फैज निवासी मियां बाजार को जमानतदार के तौर पर पेश किया था। कागजात की छानबीन के बाद बबलू को जमानत मिल गई थी।
नौशाद ने जमानत लेने वाले व्यक्ति के फर्जी होने की शिकायत सिटी मजिस्ट्रेट की कोर्ट में किया। जांच में सच्चाई का पता चला। नौशाद के प्रार्थना पत्र पर सिटी मजिस्ट्रेट ने मुकदमा दर्ज करने का निर्देश एसओ कैंट को दिया था। कैंट पुलिस ने नयाब और फैज के खिलाफ साजिश के तहत फर्जी दस्तावेज तैयार करके जालसाजी करने का केस दर्ज किया है।