50 हजार रुपये के इनामी शातिर चंदन के सिंह के लखनऊ में पकड़े जाने की चर्चा रविवार की रात शुरू हो गई। इस बात की पुष्टि पुलिस महकमे के लोगों ने नहीं की। चंदन के पुलिस कस्टडी से फरार होने के बाद गोरखपुर जोन की पुलिस खासी परेशान है।
चिलुआताल, कुसहरा का रहने वाला देवकी नंदन उर्फ चंदन सिंह एक जून की शाम आगरा के अस्पताल से पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। बदायूं जेल में बंद चंदन इलाज के बहाने अस्पताल आया था। उसके फरार होने के बाद से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। इसके अलावा गोरखपुर, संतकबीरनर, देवरिया में चंदन की जिन लोगों से दुश्मनी है वह चिंतित है। कई लोगों ने जान को खतरा बताकर पुलिस से सुरक्षा मांगी है। डीजीपी ने चंदन पर चार दिन पहले 50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर उसकी तलाश में एसटीएफ को भी लगाया था। रविवार की रात पूरे शहर में यह चर्चा फैल गई कि एसटीएफ ने लखनऊ में चंदन को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन इसकी पुष्टि किसी अधिकारी ने नहीं की।
लखनऊ से बदायूं हुआ था शिफ्ट
चंदन सिंह को एसटीएफ ने लखनऊ में एक साल पहले गिरफ्तार किया था। दो महीने पहले उसे लखनऊ जेल से बदायूं शिफ्ट किया गया था। पेट में चोट लगने के कारण गंभीर बीमारी से जूझ रहे चंदन की तबीयत खराब होने पर उसे बदायूं जेल से इलाज के लिए आगरा के अस्पताल ले जाया गया था। जहां से वह योजना के तहत फरार हो गया।