लकड़ी तस्कर को पकड़वाने वाले मुखबिर को ही कुछ देर बार पकडऩे पहुंचे सिपाहियों का गांव वालों से विवाद हो गया। गुस्साई भीड़ ने दो सिपाहियों पर ही हमला कर उन्हें घायल कर दिया। दोनों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है।
रायगंज गांव के सैनपुर टोला निवासी मुखबिर ने पुलिस को फोन कर बताया कि जंगल रमलखना निवासी शिवसरन निषाद सागौन का पेड़ काटकर ले जाने की तैयारी में है। खबर मिलते ही सिपाही जितेंद्र गौड़ और प्रदीप चौहान मौके पर पहुंच गए और आरोपी शिवसरन को लकड़ी के साथ गिरफ्तार कर थाने लेते आए। बताते हैं कि मुखबिर ने इसकी खबर वन विभाग को भी दे दी। खबर मिलते ही वन विभाग के अधिकारी भी थाने पहुंच गए और लकड़ी को कब्जे में लेकर आरोपियों के खिलाफ तहरीर दी। हालांकि पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया था। मामला अधिकारियों के संज्ञान में आया तो सिपाही दोबारा मौके पर पहुंच गए और मुखबिर को ही हिरासत में लेने का प्रयास करने लगे। मुखबिर ने थाने से जाने से इन्कार कर दिया तो सिपाही जबरदस्ती करने लगे। इसी बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया। कुछ देर में बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए और सिपाहियों पर हमला कर दिया। लाठी डंडे से हुए हमले में सिपाही घायल हो गए। खबर मिलते ही एसओ फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे लेकिन तब तक सभी हमलावर फरार हो चुके थे। दोनों सिपाहियों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा रहा है।
इस संबंध में सीओ कैंट अभय कुमार मिश्र ने बताया कि मामले की जानकारी कराई जा रही है। सिपाहियों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त धाराओं में मुकदमा दर्ज कार्रवाई की जाएगी।