फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बढ़या-ठाठर सेतु का सीएम तीन दिसंबर को करेंगे लोकार्पण

विज्ञापन
पीपीगंज के बडे़या ठाठर का निर्माणधीन पुल।
विज्ञापन
बढ़या-ठाठर सेतु का सीएम तीन दिसंबर को करेंगे लोकार्पण
विज्ञापन

पीपीगंज (गोरखपुर)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखपुर से संतकबीरनगर को जोड़ने वाले बढ़या-ठाठर पुल का लोकार्पण तीन दिसंबर को करेंगे। इसकी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं। इसी सिलसिले में शनिवार को जिलाधिकारी के. विजयेंद्र पांडियन और मुख्य विकास अधिकारी अनुज सिंह ने पुल का निरीक्षण भी किया। पुल शुरू होने के बाद गोरखपुर-संतकबीरनगर के करीब दो लाख लोगों को राहत मिलेगी। दोनों जिलों बीच की यात्रा करीब 35 किलोमीटर कम हो जाएगी।
पीपीगंज-मेंहदावल सड़क पर राप्ती नदी के बढ़या-ठाठर घाट पर पुल बनकर तैयार है। इसके लोकार्पण के बाद गोरखपुर-संतकबीरनगर जनपद की सीमाएं आपस में जुड़ जाएंगी। पुल बनने से पीपीगंज, हिरूवा, मझौना, पड़रहवा, जगदीशपुर, बकलोटे, रइकावेल, नेतवर, पचागांवा, हरपुर सहित वहां के अन्य गांवों तक पहुंच आसान हो जाएगी। संतकबीरनगर के मेंहदावल और गोरखपुर के पीपीगंज में कृषि मंडी है। इसका फायदा किसानों को भी मिलेगा। वे अपनी फसल आसानी से कृषि मंडी तक पहुंचा सकेंगे। उद्घाटन समारोह में गोरखपुर और संतकबीरनगर के अफसरों की उपस्थिति रहेगी। जनप्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

11वें वर्ष में पूरा हो पाया बढ़या-ठाठर पुल
बढ़या-ठाठर पुल का शिलान्यास 2009 में हुआ था। तब 300 मीटर लंबे पुल व एप्रोच मार्ग के लिए 732.72 लाख रुपये स्वीकृत हुए थे। फरवरी 2010 में काम शुरू हुआ। 50 फीसदी काम हुआ फिर बजट का संकट आ गया। 2012 में काम पूरी तरह से बंद हो गया। 2013 में 1559.43 लाख का बजट फिर स्वीकृत हुआ। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू हो सका लेकिन कुछ दिन बाद ही कामकाज फिर पूरी तरह से ठप हो गया। काम की रफ्तार धीमी होने के कारण पुल का निर्माण समय से पूरा नहीं हो पाया। इसके कारण पुल की लागत बढ़कर 4974.79 लाख हो गई। पुल को इस साल मार्च तक पूरा हो जाना था पर यह अब बन कर तैयार हुआ।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें