सब्सिडी के लिए खाते को आधार नंबर से न जोड़ने वाले उपभोक्ताओं के गैस सिलिंडर की डिलिवरी रोक दी गई है। उनसे अब आधार कार्ड की फोटो कॉपी मांगी जा रही है। ऑयल कंपनियां मार्च से पहले सभी उपभोक्ताओं के आधार नंबर उनके खाते से जोड़ने के लिए एजेंसी संचालकों पर लगातार दबाव बना रही हैं।
जिले में करीब 5.17 लाख उपभोक्ता हैं, जिनमें महज 40 फीसदी लोगों ने ही अब तक अपने खाते को आधार नंबर से जोड़ा है। बाकी उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए ऑयल कंपनियों ने एजेंसी संचालकों को कैंप लगाने का निर्देश दिया था। हॉकर के जरिए भी आधार कार्ड की प्रति लेने का प्रयास किया गया, मगर इसके बाद भी कई उपभोक्ता अपना आधार नंबर देने से परहेज करते रहे। ऐसे लोगों पर दबाव बनाने के लिए एजेंसी संचालकों ने उनके गैस सिलिंडर की डिलिवरी ही रोक दी है।
एसएमएस से कर रहे हैं अपील
ऑयल कंपनियां उपभोक्ताओं के मोबाइल फोन पर एसएमएस भेजकर जल्द से जल्द आधार कार्ड की फोटो कॉपी जमा करने को कह रही हैं। जो उपभोक्ता एजेंसी तक जाने में असमर्थ हों, उन्हें हॉकर के जरिए आधार कार्ड की फोटो कॉपी देने को कहा जा रहा है।
आधार कार्ड नंबर देने में किसी को कोई दिक्कत नहीं होनी चाहिए। यह नियम का हिस्सा है। उपभोक्ता अपने हॉकर को आधार कार्ड की फोटो कॉपी दे सकते हैं। यदि किसी के पास आधार कार्ड नहीं है तो वे लिखित में दे दें कि उनके पास आधार कार्ड नहीं है या अभी आवेदन किया है और प्राप्त नहीं हो सका है। इसके लिए एजेंसी पर जाने की भी जरूरत नहीं है।
- चेतन पटवारी, एरिया मैनेजर