मरीज काे हाथ से पंखा झलती महिला।
कहर बन चुकी इंसेफेलाइटिस के बीच सिस्टम की दुर्दशा मरीजों की सांसत और बढ़ा दे रही है। चंद दिनों पहले ही ठीक कराई गई वार्ड 12 की एसी फिर मंगलवार को खराब हो गई। मरीजों की संख्या बढ़ने की वजह से एक ही बेड पर तीन मरीज भर्ती किए जा रहे हैं। आलम यह है कि चारो ओर से बंद होने के कारण उमस से मरीज परेशान हैं। हाथ पंखे से तीमारदार मरीज को राहत देने की कोशिश कर रहे हैं।
इंसेफेलाइटिस मरीजों को बेहतर उपचार मिल सके इसके लिए 100 बेड के अलावा वार्ड नंबर 12 में मरीजों को भर्ती किया जाता है। यहीं से रोग की गंभीरता को देखते हुए वार्डों के अलग-अलग केबिन में मरीजों को भेजा जाता है। इन दिनों मरीजों की संख्या बढ़ने और सिस्टम की लापरवाही की वजह से एक ही बेड पर तीन-तीन मरीज भर्ती किए जा रहे हैं। इसकी वजह से मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि वार्ड की एसी को ठीक कराने के लिए इंजीनियर से बातचीत हुई है। जल्द ही ठीक करा लिया जाएगा।