जोगिया(सिद्धार्थनगर)।कोतवाली क्षेत्र के पिपरा पांडेय गांव में रविवार सुबह गांव के बाहर गड्ढे में कपड़ा व्यवसायी की लाश मिली। मृतक के कान व नाक से खून निकला हुआ था। शनिवार शाम वह दुकान बंद कर निकला था, लेकिन घर नहीं पहुंचा। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हत्या की आशंका जताई जा रही है। पिपरा पांडेय गांव निवासी अंकन श्रीवास्तव (26) पुत्र राजकुमार सनई चौराहे पर रेडिमेड कपड़े की दुकान चलाते थे। शनिवार रात करीब आठ बजे वह दुकान बंद कर घर के लिए निकले थे। सनई चौराहा से महज आठ सौ मीटर दूरी पर स्थित घर पर देर रात तक नहीं पहुंचा तो घर वालों ने खोजबीन शुरू कर दी। इस दौरान गांव के बाहर से प्राथमिक विद्यालय पर जाने वाली सड़क पर गड्ढे किनारे अंकन की बाइक मिली। एक चप्पल गड्ढे में मिली, जबकि दूसरी बाहर पड़ा हुआ था। बाइक की चाबी भी पास में गिरी थी। संदेह होने पर तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर सीओ सदर दिलीप कुमार सिंह व एसओ जोगिया विनोद कुमार सिंह पहुंचकर छानबीन शुरू की। रात 11 बजे से सुबह तीन तक बजे गड्ढ़े में जाल डाल कर खंगाला गया, लेकिन कुछ पता नहीं चला। सुबह साढ़े सात बजे दोबारा जब जाल फेंकने पर युवक की लाश गड्ढे से बरामद हुई। मृतक के नाक व कान से खून निकला हुआ था। इससे लोग हत्या की आशंका जता रहे हैं। हालांकि परिजनों की ओर से देर शाम तक कोई तहरीर नहीं दी गई थी। इस संबंध में एसओ विनोद कुमार सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अभी तक तहरीर नहीं मिली है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
बाइक लॉक और चाबी का गिरी होने से खड़े हो रहे सवाल
सिद्धार्थनगर। अंकन का शव जिस रास्ते पर मिला है, वह उस ओर कभी नहीं जाते थे। उसके घर जाने का रास्ता भी दूसरा है। बाइक लॉक थी और चाबी जमीन पर गिरा हुआ था। सामान्य दिनों में भी इस ओर से न गुजरने वाले अंकन का बारिश के बाद खराब रास्ते पर जाना कई सवाल खड़े कर रहा है। पुलिस तालाब को तीन-चार घंटे खंगालती रही, लेकिन लाश नहीं मिली। सुबह होते ही उसी गड्ढे से लाश मिलना भी पहेली बना हुआ है। डूबने के बाद मुंह बंद होना और नाक व कान से ब्लड आना, संशय खड़े कर रहा है। फिलहाल पुलिस जांच में तथ्य सामने आ ही जाएगा।
तीन साल का पुत्र और छह माह की है बेटी
अंकन की मौत से गांव व आसपास क्षेत्रों में लोग गमजदा हैं। वहीं, पत्नी वंदना का रो-रो कर बुरा हाल है। घर पर भारी भीड़ व लोगों को बिलखता देख तीन वर्षीय बेटा शिवाय सहमा-सहमा सा है। मां को रोता हुआ देख रह-रह कर वह भी रो रहा था। छह माह की बेटी सौर्या को पता न था कि उसके पापा अब इस दुनिया में नहीं रहे, उसे जिंदगी भर पापा के न होने की कसक रहेगी। घर पहुंचने वाले हर व्यक्ति के आंख से आंसू टपक रहे थे। क्रिकेट के माहिर अंकन ने खेल से क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना ली थी। मौत के बाद पूरे गांव में मातम छा गया है।