राजन राय
गोरखपुर। नंदानगर रेलवे क्रासिंग के नीचे प्रस्तावित अंडरपास की डिजाइन में संशोधन किया गया है। अब अंडरपास क्रासिंग के दोनों ओर बनेगा। ढाई मीटर की ऊंचाई के दो बंकर बनाए जाएंगे। इसमें 16 करोड़ रुपये की लागत आएगी। रेलवे ट्रैक के नीचे बनने वाले बंकर का खर्च यूपी सरकार को वहन करना होगा। सूत्रों की मानें तो प्रदेश सरकार ने अपनी सहमति दे दी है। जल्द ही आला अफसरों के बीच आखिरी दौर की वार्ता हो सकती है।
पहले क्रासिंग पर ओवरब्रिज बनाने की योजना थी लेकिन एयरफोर्स ने सुरक्षा कारणों का हवाला देकर मना कर दिया। इसके बाद क्रासिंग पर अंडरपास की संभावना तलाशी गई। रेलवे और नगर निगम के अधिकारियों ने सर्वे कर प्रस्ताव तैयार किया। बाद में प्रस्ताव में रेलवे ने संशोधन कर दिया। क्रासिंग के नीचे अंडरपास बनाने से ऊंचाई कम मिल रही है और हमेशा जलजभराव की समस्या बनी रहेगी। नई डिजाइन में क्रासिंग के उत्तर और दक्षिण दिशा में रेलवे की काफी जमीन है। रेलवे ट्रैक कालोनी की सड़क से काफी ऊंचाई पर है। ऐसे में सीमित ऊंचाई वाला अंडरपास बनाने पर मुहर लग गई है। पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि इसका प्रस्ताव यूपी सरकार को भेजा गया है। चूंकि क्रासिंग बंद नहीं की जा रही है इसलिए पूरा खर्च राज्य सरकार को ही उठाना पड़ेगा।
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खर्च देने में रेलवे ने खड़े किए हाथ
गोरखपुर। रेलवे क्रासिंग के नीचे दो बंकर बनाने में आठ करोड़ की लागत आएगी। यह निर्माण रेलवे कराएगा लेकिन इसका खर्च देने में रेलवे ने हाथ खड़े कर दिए हैं। दोनों तरफ एप्रोच बनाने में भी आठ करोड़ की लागत आएगी। इसे भी प्रदेश सरकार को ही वहन करना है।
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सूर्यकुंड व तरंग अंडरपास पर रिपोर्ट मांगी
गोरखपुर। सूर्यकुंड और तरंग रेलवे क्रासिंग पर अंडरपास बनाने के लिए रेलवे ने शासन से फिजिबिल्टी रिपोर्ट मांगी है। रेल प्रशासन ने अपनी रिपोर्ट में दोनों क्रासिंग के पास गहरा नाला होने का जिक्र किया है। शासन से पूछा गया है कि अंडरपास का अप्रोच किस तरह बनाया जाएगा। क्या इसे नाले के नीचे से बनाने की गुंजाइश है। रिपोर्ट के बाद रेलवे कार्ययोजना के लिए सर्वे करेगा।