गोरखपुर। रेल बजट में पूर्वोत्तर रेलवे को करीब तीन हजार करोड़ रुपये की सौगात मिली है। ज्यादातर धनराशि पुरानी योजनाओं को पूरा करने के लिए मिली है। ट्रैक दोहरीकरण के लिए सबसे ज्यादा 902 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। पहले से प्रस्तावित नई लाइनों के निर्माण के लिए 426.4 करोड़ मिले हैं। यानी ट्रेनों को समय से और सुरक्षित चलाने की योजना को प्राथमिकता दी गई है।
पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी संजय यादव ने बताया कि रेल बजट में आमान परिवर्तन (छोटी लाइन से बड़ी लाइन) के लिए 255.10 करोड़ मिले हैं। इससे पूर्वोत्तर रेलवे में सभी छोटी लाइन को बड़ी लाइन में बदला जाएगा। इसी तरह सभी लाइनों का विद्युतीकरण कार्य भी कराया जाएगा। बताया कि नई लाइनें वे हैं जिन्हें पूर्व में स्वीकृति मिल चुकी है। कुछ छोटी परियोजनाएं भी हैं जिनका विवरण रेलवे बोर्ड से बाद में मिलेगा।
एनईआर की बड़ी परियोजनाओं का बजट (करोड़ में)
रेल दोहरीकरण 902.00
नई लाइन निर्माण 426.40
ट्रैक नवीनीकरण 396.71
आमान परिवर्तन 255.10
पुल, अंडरपास 215.63
यात्री सुविधा 187.17
यातायात सुविधा 74.58
सड़क संरक्षा 79.21
नए कार्य 60.00
सिग्नल कार्य 52.65