मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जिले के 70 वार्ड और आठ नगर पंचायत अध्यक्ष, सदस्यों के लिए वोट मांगेंगे। जिले के अलग-अलग हिस्से में मुख्यमंत्री की दो जनसभाएं कराने की योजना है। इनमें मेयर, पार्षद, नगर पंचायत अध्यक्ष और सदस्य पद के प्रत्याशियों को भी बुलाया जाएगा। 10 नवंबर के बाद मुख्यमंत्री की जनसभा का कार्यक्रम तय हो सकता है। भाजपा के क्षेत्रीय पदाधिकारियों की तरफ से उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और दिनेश शर्मा का कार्यक्रम भी मांगा गया है। प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडेय भी जनसभा कर सकते हैं।
गोरखपुर में 22 नवंबर को वोट डाले जाएंगे। इससे पहले ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनसभा कराई जाएगी। भाजपा पदाधिकारियों का कहना है कि सांसद रहते महंत योगी आदित्यनाथ 70 वार्डों में चुनाव प्रचार करने जाते थे। वे हर पार्षद के लिए वोट मांगते थे। अब मुख्यमंत्री हैं। इसलिए वे यूपी के 16 नगर निगम में जनसभा करेंगे। गोरखपुर का चुनाव पहले चरण में होना है, इसलिए कार्यक्रम पहले मिल जाएगा। क्षेत्रीय अध्यक्ष उपेंद्र दत्त शुक्ला ने बताया कि नामांकन पत्रों की जांच पूरी हो चुकी है। नौ नवंबर तक नाम वापसी का सिलसिला चलेगा। 10 नवंबर को चुनाव चिन्ह मिल जाएंगे, फिर जनसभाएं कराई जाएंगी। इसकी तैयारी चल रही है। हर मंडल में मीटिंग करके जनसभा को सफल बनाने की रणनीति बनाई जा रही है।
छह मंडलों की मीटिंग में परखी तैयारी
भाजपा के छह मंडल के पदाधिकारी, कार्यकर्ताओं की मीटिंग मंगलवार को हुई। क्षेत्रीय मीडिया प्रभारी डॉ. सतेंद्र सिन्हा गोरक्ष नगर मंडल पहुंचे। इस मंडल में 12 वार्ड हैं। पुराना गोरखपुर इसी मंडल (वार्ड-68) का हिस्सा है, जहां से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद वोटर हैं। इस वार्ड से भाजपा ने माया त्रिपाठी को प्रत्याशी बनाया है। इसी तरह क्षेत्रीय, जिला स्तरीय पदाधिकारी पांच अन्य मंडलों में गए। मीटिंग में कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर केंद्र और प्रदेश सरकार की जनहित योजनाओं की जानकारी जनता को देने का निर्णय लिया गया।