पहाड़ी इलाकों में हुई जमकर बर्फबारी और 10 से 12 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिमोत्तर से चल रही हवाओं ने ठंड बढ़ा दी है। पिछले 48 घंटे में न्यूनतम तापमान करीब चार डिग्री सेल्सियस नीचे आ गया है। अधिकतम तापमान सप्ताह भर में करीब छह डिग्री सेल्सियस कम हुआ है। मौसम विभाग के मुताबिक रविवार को अधिकतम तापमान 21.4 और न्यूनतम तापमान 8.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम वैज्ञानिक आने वाले दिनों में पारे के तेजी से नीचे लुढ़कने की संभावना जता रहे है।
दिन में धूप होने की वजह से थोड़ी राहत महसूस की जा रही है मगर सूरज के ढलते ही फिर गलन शुरू हो जा रही है। इसकी वजह से रात के आठ बजते-बजते गोलघर, रेती रोड, सिनेमा रोड, घोषकंपनी और रेलवे स्टेशन समेत शहर की सभी प्रमुख सड़कों पर सन्नाटा पसर जा रहा है। उधर ठंड बढ़ने के साथ ही गर्म कपड़ों के ठंडे पड़े बाजार में भी गर्माहट आ गई है।
कंबल खरीद अभी प्रक्रिया में
गरीबों को ठंड से बचाने के लिए शासन ने कंबल खरीदने केे लिए जिले को रकम तो मुहैया करा दी है, मगर अभी तक खरीद की प्रक्रिया ही पूरी नहीं हो पाई। एडीएम (फाइनेंस) डॉ चंद्रभूषण ने सभी एसडीएम, तहसीलदार को जल्द खरीद प्रक्रिया पूरी करने और रात में भ्रमण कर गरीबों, बेसहारा और जरूरतमंदों को कंबल मुहैया कराने के निर्देश दिया है।
अलाव का इंतजाम नहीं हो सका
आधा दिसंबर बीत चुका है लेकिन अभी तक प्रशासन और नगर निगम की तरफ से अलाव के इंतजाम नहीं किए जा सके। रोस्टर भी नहीं जारी हो सका है। शहर के प्रमुख चौराहों से लेकर देहात तक लोग खुद के बंदोबस्त से कुछ चौराहों पर अलाव जला रहे हैं। रैन बसेरों का भी हाल खराब है। वहां भी ठंड से बचाव के मुकम्मल इंतजाम नहीं हैं।