शहर में बढ़ते यातायात दबाव की वजह से लगने वाले जाम से निजात के लिए प्लान तैयार हो गया है। शहर में पार्किंग और सड़कों को वन वे करके जाम के झाम से निपटा जाएगा। सड़कों पर गाड़ियां घंटों फंसे नहीं बल्कि दौड़ सकें इसके लिए एसपी ट्रैफिक आदित्य वर्मा ने शहरों के चौराहों का निरीक्षण कर रूट मैप तैयार किया है, जिसके हिसाब से काम शुरू भी हो चुका है। जाम से निपटने की शुरुआत शहर के व्यस्ततम गणेश चौराहा से की गई है। इसका असर भी सामने आया है। यहां जाम की समस्या से तकरीबन राहत मिल गई है।
शहर को जाम से मुक्त कराने की पहल कई बार की गई है लेकिन हर बार काम प्लान के मुताबिक नहीं हो पाया। इसके पीछे की सबसे बड़ी वजह मैन पावर की कमी बताई गई। सांसद योगी आदित्यनाथ के सीएम बनने के बाद पुलिस अफसर इसमें रुचि लेने लगे। शहर में एसपी ट्रैफिक का कमान संभालने के बाद ही आदित्य वर्मा ने बाइक से सड़कों का भ्रमण कर जाम की जगह चिह्नित की और उसी के हिसाब से पूरा प्लान तैयार किया गया है।
ये हैं प्लान
विजय चौक पर वन वे का सख्ती से पालन होगा
सिटी मॉल के सामने कॉर्मल स्कूल की रोड वन वे की जाएगी
हरि ओमनगर तिराहे, शास्त्री चौक पर हेड कांस्टेबल की ड्यूटी लगेगी
गोलघर में सड़कों पर गाड़ियां खड़ी करने पर सख्ती होगी
कैंट चौराहे के पास बने पार्किंग का इस्तेमाल होगा
रात में बड़े वाहनों की बंद एंट्री पर सख्ती बनी रहेगी
छात्रसंघ चौराहे पर अतिरिक्त फोर्स लगाई जाएगी
शहर के स्कूलों में छुट्टी के समय में बदलाव होगा
जाम से निजात के लिए प्लान तैयार कर उस पर काम शुरू हो चुका है। जल्द ही इसका असर दिखेगा। इसकी ऑनलाइन निगरानी भी की जा रही है। स्कूलों के छुट्टी समय में बदलाव के लिए भी वार्ता चल रही है, जल्द यह काम होगा।
- आदित्य वर्मा, एसपी ट्रैफिक
ऑनलाइन निगरानी का असर हुआ
शहर में लंबे समय से लगे ऑनलाइन यातायात निगरानी के उपकरण का इस्तेमाल ही नहीं होता था। करीब एक महीने से इस काम को शुरू किया गया है। इसका फायदा हुआ कि जाम लगने के बाद तुरंत ही यातायात पुलिस वहां पर पहुंच जाती है। एसपी ट्रैफिक दफ्तर से इसकी निगरानी करते हैं और जाम पर सूचना वायरलेस से प्रसारित करते हैं। इसके बाद ट्रैफिक पुलिस वहां पहुंचकर जाम से मुक्ति दिलाती है। इसका असर सामने आया है।
यातायात सुधारने को 100 होमगार्ड मिले
सीएम सिटी बनने के बाद यातायात महकमे की ओर से मैन पावर बढ़ाए जाने का अनुरोध किया गया था। इस पर डीएम ने पत्र भी लिखा था। इसके बाद 100 होमगार्ड मिले हैं। अब होमगार्डों की संख्या 250 से बढ़कर 350 सौ हो गई है। इसके अतिरिक्त एक टीएसआई, 14 हेड कांस्टेबल, 80 कांस्टेबल भी महकमे के पास हैं।
प्रमुख चौराहों पर हेड कांस्टेबल की होगी तैनाती
शहर के प्रमुख चौराहों को जाम से मुक्ति दिलाने के लिए हेड कांस्टेबल की तैनाती होगी। गणेश चौराहे पर इसकी पहल की गई है। अब शास्त्री चौक, हरिओमनगर तिराहा, यूनिवर्सिटी चौक, कैंट चौक पर भी इनकी तैनाती होगी ताकि जाम से मुक्ति मिल सके। इनके जिम्मे पूरा चौराहा होगा।