देवरिया(आसिफ इकबाल)। एजुकेशन लोन देने में जिले के बैंकों की शाखाएं रुचि नहीं ले रहीं हैं। प्रोफेशनल कोर्सेज में दाखिले का दौर खत्म हो चुका है। बावजूद इसके लक्ष्य के सापेक्ष 5.04 प्रतिशत उपलब्धि हासिल हो सकी है। लीड बैंक का दर्जा के बावजूद सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की उपलब्धि बेहद खराब है। बैंक ने लक्ष्य के सापेक्ष महज 3.81 प्रतिशत कर्ज दिया है। उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार लगातार बढ़ावा दे रही है। इसके तहत एमबीबीएस, बीडीएस, बीटेक, एमबीए, एमसीए समेत अन्य कोर्सेज के लिए एजूकेशन लोन का प्रावधान है। ताकि गरीब तबके के मेधावी शिक्षा हासिल करने से दूर न हो जाए। इसी कड़ी में जिले के विभिन्न बैंक की शाखाओं को वर्ष 2017-18 के लिए 34 करोड़ रुपये का एजूकेशन लोन देने का लक्ष्य मिला है, लेकिन बैंक शाखाओं की उदासीनता से उपलब्धि बेहद खराब है। इसके चलते महज 1.71 करोड़ रुपये का कर्ज बांटा गया है। एजूकेशन लोन में कोर्स की फीस, हॉस्टल का खर्च,लाइब्रेरी, लेबोरेट्री, स्टडी टूर, प्रोजेक्ट वर्क समेत खर्च शामिल रहते हैं। एलडीएम बीएस मीणा ने बताया कि एजुकेशन लोन देने के लिए निर्देश दिया गया है। ताकि बैंक शाखाएं लक्ष्य को पूरा कर सकें। आवेदन को हर हाल में स्वीकार्य करना होगा। किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ये बैंक नहीं छू सके हैं लक्ष्य का 7 प्रतिशत का आंकड़ा ः एसबीआई ने 5.99, पीएनबी ने 5.01, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया ने 3.81, इंडियन बैंक ने 9.58, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने 6.94, देना बैंक ने 6.29, पूर्वांचल बैंक ने 5.04, आंध्रा बैंक ने 5.96,बैंक ऑफ बड़ौदा ने 5.87 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है।
इनकी है कुछ बेेहतर परफॉर्मेंस ः ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स ने लक्ष्य का 91.19, आईडीबीआई बैंक ने 82.82, विजया बैंक ने 31.45, इलाहाबाद बैंक ने 23.88, बैंक ऑफ इंडिया ने 21.41, सिंडीकेट बैंक ने 12.02 प्रतिशत हासिल किया है।