गोरखपुर। तारामंडल क्षेत्र में रामगढ़ताल के पास बन रहे उत्तर प्रदेश के सबसे चिड़ियाघर का उद्घाटन भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद कर सकते हैं। जिला प्रशासन, वन विभाग और निर्माण निगम उद्घाटन की संभावित तिथि सात दिसंबर तक संबंधित कार्य पूरा करने की तैयारियों में जुटा है। लगभग दो सौ करोड़ की लागत से चिड़ियाघर का निर्माण कार्य दो चरणों में पूरा होगा। पहला नवंबर और दूसरा व अंतिम चरण मार्च तक पूरा किया जाना है। अभी तक इसके निर्माण कार्य के लिए लगभग 93 करोड़ रुपये स्वीकृत हो चुके हैं।
फिलहाल निर्माण निगम की निगरानी में चार सौ से अधिक मजदूर निर्माण कार्य में लगे हैं। देर रात बारह बजे तक शिफ्ट के हिसाब से काम किया जा रहा है। यहां कुल 31 बाड़े बनाए जाने हैं। इनके पायलिंग का काम पूरा कर लिया गया है। एक बाड़ा तैयार हो गया है। पहले चरण में बुद्धिस्ट साइनेज, इंट्रेंस प्लाजा, रेंज फटरेस्ट आफिसर भवन, बाउंड्रीवाल, ओवर हेड टैंक आदि का काम पूरा होना है।
टीम ने किया दौरा
केंद्रीय जू अथॉरिटी ने दो सदस्यीय टीम को शनिवार को चिड़ियाघर के निर्माण कार्य की प्रगति जानने भेजा था। लखनऊ चिड़ियाघर से मुबारक अली और बलराम के साथ दो जू कीपर ने वन विभाग की टीम के साथ निरीक्षण किया।
बाघ, बब्बर शेर भी आएंगे
चिड़ियाघर का विस्तार 121.34 एकड़ में होगा। 31 बाड़ों में 30 प्रजाति के वन्य जीव रखे जाएंगे। बाघ, बब्बर शेर, लेपर्ड, भालू, गैंडा, बारासिंघा, काला हिरन, चीतल, सांभर, जेबरा, दरियाई घोड़ा, घड़ियाल व विभिन्न प्रजातियों के पक्षी रखे जाने की योजना है।
शासन की मंशा के अनुरूप ही चिड़ियाघर निर्माण का कार्य पूरा किया जाएगा। कार्यदाई फर्म को इसके लिए निर्देशित कर दिया गया है। लापरवाही करने पर भुगतान रोकने से लेकर अन्य कार्रवाई भी संभव है। - डीबी सिंह, परियोजना प्रबंधन, निर्माण निगम