गोरखपुर। पाली ब्लॉक के कुवाबार गांव में बना महिला चेतना उपवन प्रदेश में मॉडल बन गया है। डीएम राजीव रौतेला की यह योजना शासन को इतनी पसंद आई कि अब ग्राम्य विकास विभाग के आयुक्त पीसी जायसवाल ने सभी डीएम को अपने-अपने जिलों में इस उपवन का निर्माण कराने को कहा है। जिले में भी सभी 19 ब्लॉकों में पांच-पांच महिला चेतना उपवन बनाने की तैयारी है। सांसद रहते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा गोद लिए गए चरगावां के जंगल औराही के साथ सरदारनगर में भी उपवन बनाने का काम शुरू हो गया है।
ग्राम सभा की जमीन पर बनाए जाने वाला यह उपवन पूरी तरह से महिलाओं के लिए होगा। पुरुषों और युवाओं का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। उपवन में महिलाओं के बैठने के लिए बेंच के साथ ही पीने के पानी और शौचालय आदि की भी व्यवस्था रहेगी। रोशनी के लिए सोलर लाइट लगाई जाएगी। मनरेगा के धन से उपवन का निर्माण होगा, जिसमें महिला जॉब कार्डधारकों को काम में तरजीह दी जाएगी। उपवन की देखरेख की जिम्मेदारी भी ग्राम पंचायतों के महिला स्वयं सहायता समूहों को दी जाएगी।
महिलाओं के सर्वांगीण विकास की सोच है उपवन
महिला चेतना उपवन की योजना बनाने वाले डीएम राजीव रौतेला का कहना है कि इसका उद्देश्य महिलाओं और लड़कियों को ऐसा माहौल देना है जहां पुरुषों के हस्तक्षेप के बिना वह अपनी शिक्षा, रोजगार, खेलकूद, स्वास्थ्य समेत अपने उत्थान पर चर्चा कर सकें। डीएम का मानना है कि यह स्थान महिलाओं के सर्वांगीण विकास में मील का पत्थर साबित होगा।
एक एकड़ में फैला है कुवाबार का महिला उपवन
गोरखपुर। पाली के कुवाबार में बना प्रदेश का पहला महिला चेतना उपवन एक एकड़ में फैला है। इसमें बैठने के लिए छह बेंच के साथ ही एक गोलंबर भी बनाया गया है। हरियाली के लिए आम, नींबू, सागौन, अशोक सहित करीब दो सौ पौधे लगाए गए हैं। उपवन में एक तरफ से बाउंड्री तथा तीन तरफ से तार का घेरा बनाया गया है। गांव के प्रधान शिवशंकर दयाल ने बताया कि करीब आठ लाख की लागत से बने इस उपवन के निर्माण में मनरेगा की महिला जॉब कार्डधारकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है। 25 जुलाई 2017 को डीएम ने इसका शिलान्यास किया था जो अब बनकर तैयार है। लोकार्पण की तैयारी की जा रही है।
गांव की महिलाएं बोलीं
लोक-लाज की वजह से अब भी गांव की ज्यादातर महिलाएं घर के बाहर कहीं दूसरी महिला से अपना सुख-दुख साझा नहीं कर पातीं, मगर उपवन बन जाने से अब इस बात की खुशी है कि महिलाओं को भी एक ऐसी जगह मिलेगी जहां वह इत्मीनान से थोड़ा समय बिताने के साथ ही खुद के व्यवसाय आदि पर चर्चा कर सकेंगी।
- कलावती देवी, अध्यक्ष. कुवाबार महिला समिति
उपवन को लेकर गांव की हर महिला उत्साहित है। सभी को इसके लोकार्पण का इंतजार है। बच्चों के पार्क के बारे में तो सुना था, मगर कभी यह नहीं सोचा था कि सिर्फ महिलाओं के लिए भी कोई उपवन बनेगा, वह भी अपने ही गांव में।
-किस्मती देवी