गोरखपुर। पुलिस लाइंस के पास नजूल की भूमि पर बने भवन के अवैध कब्जे को पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों की मौजूदगी में शनिवार को खाली कराया गया। इस दौरान दमक ल की गाड़ी और भारी मात्रा में पुलिस मौजूद रही।
डीएम के विजयेंद्र पांडियन और एसएसपी शलभ माथुर शनिवार सुबह करीब दस बजे शहर की सफाई का निरीक्षण करने निकले थे। इस दौरान उन्हें पुलिस लाइंस स्थित नजूल के भवन पर अवैध रूप से प्रदर्शनी चलने की जानकारी हुई। भवन में पहले पुलिस क्लब किराए पर चलता था। दो साल पहले पुलिस ने इसे खाली कर दिया था। इसके बाद भवन के पट्टेदार अहसान अहमद वारसी ने इसे प्रदर्शनी चलाने वाले तौकीर को किराए पर दे दिया।
जानकारी होने पर शनिवार सुबह डीएम ने इसे खाली कराने का आदेश दिया। इसके बाद एसएसपी के निर्देश पर एसपी सिटी विनय सिंह, सीओ गोरखनाथ, सीओ लाइंस सहित भारी फोर्स मौके पर पहुंच गई। कुछ देर बाद एडीएम सिटी रजनीश चंद भी मौके पर पहुंचे। शाम तीन बजे तक पुलिस और प्रशासन ने इसे पूरी तरह से खाली करा लिया।
खत्म हो चुका है पट्टा
भवन का 90 वर्ष का पट्टा जहरूल हसन को 90 वर्ष के पट्टे पर मिला था। उनकी मौत के बाद बेटे अशफाक और अफाक का इस पर कब्जा रहा। अशफाक के पुत्र अहसान अहमद वारसी ने भवन को पुलिस विभाग को क्लब के लिए दे दिया। दो वर्ष पूर्व पुलिस ने भवन को खाली कर दिया था। प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि भवन का पट्टा वर्तमान में समाप्त हो चुका है। इसको किराए पर दे कर किराया वसूलना गैर कानूनी है। इसी वजह से पुलिस ने इस भवन को खाली कराया है। उधर अहसान ने बताया कि रिन्युअल के लिए रुपये जमा किए गए थे। पुलिस का 12 लाख रुपये किराया बाकि है जो अबतक नहीं मिला।