कुशीनगर। एपी तटबंध पर लगातार गंडक नदी के बढ़ते दबाव को देखते हुए बांध बचाव कार्य में जुटे लोग नदी की धारा को मोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। इसके लिए बुधवार से नदी के बीच की सिल्ट जेसीबी की मदद से हटाई जा रही है। इस कार्य में सफलता मिली तो तटबंध पर नदी का दबाव कम जाएगा।
पिपराघाट से अहिरौलीदान तक लगभग 17 किमी लंबे एपी तटबंध पर अधिकांश जगह गंडक नदी दबाव बनाए हुए है। नदी की धारा का रुख बांध की तरफ होने के कारण दहारीटोला, तवकलटोला, जंगलीपटटी, बिनटोली, जवहीदयाल, विरवट कोन्हवलिया, बाघाचौर, बाकखास, कचहरीटोला आदि संवदेनशील स्थानों पर बाढ़ खंड डिवीजन की तरफ से बचाव कार्य कराने में भी दिक्कत आ रही है। अंत में अब गंडक नदी की धारा को ही मोड़ने का प्रयास शुरू किया गया है। इसके लिए बुधवार से ड्रोजर मशीन नदी में उतारी गई है। मशीन के जरिए नदी में जमा सिल्ट को काटकर गहरी खुदाई कराई जा रही है। बाढ़ खंड के अभियंताओं के अनुसार इस मशीन के जरिए नदी की सिल्ट साफ करके बीच में गहरा कर दिया जाता है, जिससे वहां नाला बन जाता है। इसके सहारे धारा को दूसरी तरफ मोड़ दिया जाता है।