मधुपुर।
विद्युत सब स्टेशन सेमरा में संविदा कर्मचारियों ने चार वर्षों से तनख्वाह न मिलने के कारण मंगलवार सुबह आठ बजे आपूर्ति बाधित कर तालाबंदी कर दी। इससे करीब 45 गांव की बिजली गुल हो गई। जानकारी मिलने पर विभाग के अफसरों ने कर्मचारियों से फोन पर बातकर आपूर्ति बहाल कराने की कोशिश की। देर शाम 11 घंटे बाद आश्वासन पर कर्मचारियों ने आपूर्ति बहाल की। संविदा कर्मचारियों ने बताया कि वर्षों से तनख्वाह न मिलने के कारण परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच गया है। ठेकेदार से लेकर अफसर केवल आश्वासन देते हैं।
संविदा कर्मचारी एसएसओ गुड्डू यादव, इंद्रसेन सिंह, लाइनमैन राजेश, रमेश, मंटू, मंजीत ने 12 अक्टूबर 2013 से तनख्वाह न मिलने का आरोप लगाते हुए मंगलवार सुबह आठ बजे सब स्टेशन सेमरा से दी जाने वाली आपूर्ति बाधित कर ताला बंद कर दिया। इससे मधुपुर, नवलपुर, कौलीखाल, सेमरा बुजुर्ग, ददरी, खुटभार, कंसासुर, कटघरा, बहसुआ, सनीचरा पट्टी दुबे, बैरियाडीह, कल्यानपुर, भैसहट, मिश्रौलिया, मठिया, बेलवादाखिली, कोड़र नीलकंठ, भटपुरवा, डौनाडीह, मझवलिया, पंडितपुर, छपरा, घोषी, रुदौली, खैरवा, मुहाल जलकल सहित लगभग 45 गांवों की आपूर्ति बाधित हो गई। इसी बीच विभाग के अफसरों को इसकी जानकारी हुई तो उनके होश उड़ गए। जेई रणविजय ने फोन पर कर्मचारियों को समझा-बुझाकर आपूर्ति बहाल कराने की कोशिश की लेकिन कर्मचारी नहीं माने। उन्होंने इसकी सूचना एसडीओ को दी तो उन्होंने भी फोन पर बात की लेकिन कर्मचारी भुगतान की बात को लेकर अड़े रहे। देर शाम एसडीएम ने कुछ रकम दोनों एसएसओ के पास भेजकर बुधवार को पूरा वेतन भुगतान करने का आश्वासन दिया। इसके बाद कर्मचारियों ने आपूर्ति बहाल की।
संविदा कर्मचारियों ने बिना नोटिस दिए बिजली सप्लाई ठप कर दी थी। ठेकेदार वेद शुक्ला से बात कर बुधवार को पूरी तनख्वाह कर्मचारियों को दिलाई जाएगी। बिना नोटिस दिए सप्लाई ठप करने वालों पर भी उचित कार्रवाई की जाएगी।
- मदन कुमार, एसडीओ, कौड़ीराम
इतने लंबे समय से वेतन न मिलने की जानकारी नहीं है। कुछ उपकेंद्रों के संविदा कर्मचारियों का वेतन रुका था। शासन से फंड आ रहा है। धीरे-धीरे सबका भुगतान किया जा रहा है।
- एके श्रीवास्तव, अधीक्षण अभियंता ग्रामीण
विभाग और कर्मचारियों के बीच में ग्रामीण परेशान
मधुपुर। क्षेत्र के राजेश यादव, आदर शाही, पप्पू शाही, चंडी शाही, रामेश्वर दुबे, रवि प्रताप शाही, मुन्ना प्रसाद, राजबल्लम सिंह, गोपाल सिंह, भगौती पांडेय, गामा यादव, महेश पासवान ने कहा कि ग्रामीण समय से बिजली का बिल जमा कर रहे हैं। इसके बावजूद विभाग और कर्मचारियों के विवाद में आए दिन आपूर्ति घंटों बाधित रहती है। इसकी शिकायत करने पर भी कहीं कोई सुनवाई नहीं होती है। इसके पहले भी कर्मचारी कई बार वेतन न मिलने की शिकायत पर आपूर्ति बाधित कर चुके हैं।