गोरखपुर। हजारों की भीड़ के साथ शनिवार की शाम करीब छह बजे पूर्व प्रधानमंत्री अटलबिहारी वाजपेयी की अस्थि कलश यात्रा राप्ती तट पर पहुंची तो यह पल एतिहासिक हो गया। यह पहला अवसर था जब किसी पूर्व प्रधानमंत्री की अस्थियां राप्ती तट पर विसर्जित हो रही थीं। नदी के किनारे के कुछ हिस्से को करीने से सजाया गया था। एनडीआरएफ के जवान अपनी बोट के साथ मंच की तरफ मुस्तैद थे ।
अस्थि कलश यात्रा लालडिग्गी बांध पर पहुंची तो साथ चल रही गाड़ियों को रोककर लोगों को पैदल ही जाने को कहा गया। इस यात्रा के लिए बंधे के नीचे उतरने के बाद इंटरलाकिंग सड़क बनाई गई थी। बारिश के चलते रास्ते और तट पर कीचड़ की परवाह किए बगैर हजारों की भीड़ उस दृश्य को देखने का आतुर थी जब अस्थियां राप्ती में विसर्जित की जाएं। मंत्रोच्चार के बीच मुख्यमंत्री नदी के किनारे बने मंच पर पहुंचे और अस्थियां विसर्जित कीं। उनके साथ एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह, विधायक महेंद्र पाल सिंह, विपिन सिंह भी मंच मौजूद रहे।