मिठौरा। ब्लॉक परिषद मिठौरा में बुधवार को इस्लामिक मदरसा शिक्षक संघ की बैठक में मुख्य अतिथि इस्लामिक मदरसा शिक्षक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष तसौवर हुसैन ने जिला अल्पसंख्यक कल्याण पर मदरसा शिक्षकों की जांच आख्या शासन को नहीं भेजने पर निराशा जताई। कहा कि 30 मई तक सभी मदरसा मदरसा शिक्षकों की जांच आख्या भेजनी थी। लेकिन अभी तक जांच आख्या अल्पसंख्यक कल्याण विभाग में ही पड़ी है। जब तक जांच आख्या शासन को सही समय पर नहीं भेजी जाती, मदरसा शिक्षकों का मानदेय अधर में लटका रहेगा। यह बात जानते हुए भी अल्पसंख्यक कल्याण विभाग घोर लापरवाही कर रहा है। ईद के अंदर तक अगर जांच आख्या शासन को नहीं भेजी गई तो इस्लामिक मदरसा शिक्षक संघ अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ आर-पार की लड़ाई लड़ेगा।
जिलाध्यक्ष नुरुल हसन सिद्दीकी ने कहा 22 महीने से मदरसा शिक्षकों का मानदेय अधर में लटका हुआ है। प्रदेश सरकार के सत्ता में आने के बाद एक भी महीने का मानदेय मदरसा शिक्षकों को नहीं मिला। इस बार मदरसा शिक्षकों की ईद का पर्व फीका रहेगा। मदरसों में पढ़ाते हुए भी बेरोजगारी की समस्या उत्पन्न हो गई है। ब्लॉक अध्यक्ष दब्बीर हसन ने कहा एक तरफ सरकार शिक्षा को बढ़ावा दे रही है और दूसरी तरफ मदरसा शिक्षकों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। प्रत्येक माह मदरसा शिक्षकों का मानदेय आना चाहिए। जिससे मदरसा शिक्षकों के साथ रोटी का संकट न उत्पन्न हो। इस अवसर पर महबूब अली, यूनुस अली, वसीम अहमद, अब्दुल मन्नान, जैनुल अली आदि मौजूद रहे।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग को 30 मई तक भेजनी थी रिपोर्ट
इस्लामिक मदरसा शिक्षक संघ की बैठक में चिंता जताई गई