गोरखपुर।
गुलरिहा के कार्यवाहक थानेदार अक्षय मिश्रा और एसएसआई कोतवाली अश्वनी राय को एसएसपी ने सस्पेंड कर दिया। दोनों पर बिना कारण दो युवकों को 24 दिनों तक थाने में बैठाए रखने का आरोप है। इस मामले में कोर्ट ने सर्च वारंट भी जारी किया है। बृहस्पतिवार को मामला संज्ञान में आने के बाद एसएसपी ने कार्रवाई कर दी। इसके साथ ही सीओ चौरीचौरा रचना मिश्रा को भी हटा दिया गया है। उनकी जगह पर प्रवीण सिंह को नई तैनाती दी गई है। रचना मिश्रा को गोरखनाथ मंदिर का सुरक्षा प्रभारी बनाया गया है।
गुलरिहा थाने में जमीन के प्रकरण में दो युवकों को थाने में बिना किसी कारण बैठाया गया था। जानकारी होने पर एसएसपी ने जब इसकी जांच कराई थी तो मामला सही निकला। इसपर गुलरिहा थानाध्यक्ष को लाइन हाजिर कर दिया गया था। इसी बीच कोर्ट ने भी इस प्रकरण में हस्तक्षेप किया। इसके बाद दोनों को सस्पेंड कर दिया गया है। एसएसपी ने सीओ पर भी कार्रवाई की है। गुलरिहा थाने में अभी नई तैनाती नहीं की गई है। एसएसपी सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज ने बताया कि शिकायत की जांच सही पाए जाने पर कार्रवाई की गई।
इनसेट
यह है मामला
गुलरिहा थाने क्षेत्र के जंगल डुमरी नंबर एक टोला चिरकुट निवासी गणेश, जग्गन तथा बसंत की ओर से कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर गुलरिहा थाने में बिना कारण ही बैठाए जाने का आरोप लगाया गया था। एसीजेएम नुसरत खान ने पुलिस अधीक्षक उत्तरी को दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 97 के तहत सर्च वारंट जारी कर दिया। कोर्ट ने सर्वोच्च न्यायालय द्वारा स्थापित दिशा निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए एसएसपी को भी आदेश की प्रति भेजने को कहा था। गणेश की पत्नी की ओर से शपथ पत्र भी दिया गया था। कोर्ट ने पुलिस अधीक्षक को शिकायतकर्ता के परिवार के दो सदस्यों के साथ थाने का निरीक्षण कर 14 सितंबर को आख्या न्यायालय में भेजने का निर्देश दिया था। कोर्ट ने थाने के प्रभारी से पीड़ित व्यक्तियों की गिरफ्तारी की तिथि व समय की बाबत आख्या तलब करते हुए 16 सितंबर को स्पष्टीकरण तलब किया है कि क्यों न उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया जाए।