कचहरी क्लब मैदान में एक बार फिर पुस्तकों का मेला लगने जा रहा है। नव सृजन साहित्य मंच की ओर से लगने वाले 10 दिवसीय मेले की शुरुआत 16 सितंबर से होगी। 25 सितंबर तक चलने वाले मेले में देश के 70 से अधिक प्रकाशकों की किताबें मौजूद होंगी। मेले में स्टॉल लगाने वाले प्रकाशकों की फेहरिस्त में नामी-गिरामी प्रकाशक शामिल हैं।
मेले का आकर्षण बढ़ाने के लिए आयोजकों ने इस बार हर वह इंतजाम किया है, जिससे हर वर्ग के लोगों को मेला परिसर की ओर खींचा जा सके। इस क्रम में इस बार मेले में सांस्कृतिक आयोजनों के साथ तमाम प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएंगी। मंच के सदस्य आशीष रंजन दीक्षित और अनूप पांडेय ने बताया कि मेले को और रोचक बनाने के लिए हर दिन अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। युवाओं का आकर्षण बढ़ाने के लिए दस दिन के दौरान ग्रुप डांस, सामान्य ज्ञान, नृत्य व गायन, पेंटिंग, अंत्याक्षरी प्रतियोगिता जैसे आकर्षक आयोजन किए जाएंगे। मेले में साहित्यिक परिचर्चा, कवि सम्मेलन व मुशायरा, लेखक से मिलिए जैसी साहित्यिक गतिविधियां भी आयोजित होंगी। इच्छुक लेखकों को अपनी पुस्तकों का लोकार्पण का अवसर भी मंच की ओर से दिया जाएगा। सदस्यों ने बताया कि मेले में कक्षा एक से लेकर आठ तक के बच्चों को मुफ्त प्रवेश दिया जाएगा जबकि उससे ऊपर की कक्षाओं और आम पाठकों के लिए पांच रुपये प्रवेश शुल्क निर्धारित किया गया है।
इन मशहूर प्रकाशकों की होगी भागीदारी
वाणी प्रकाशन, साक्षी प्रकाशन, लोकवाणी प्रकाशन, साहित्य भंडार, उपकार प्रकाशन, पुस्तक महल, पीएम पब्लिकेशन, यूनिकार्न, राजकमल प्रकाशन, लोकभारती प्रकाशन, राजपाल एंड संस, साहित्य अकादमी, सस्ता साहित्य मंडल, वी एंड एस प्रकाशन, तिरुमला साफ्टवेयर, पद्म बुक, राधाकृष्ण प्रकाशन, इंडिया टुडे आदि।
हर टेस्ट की मिलेंगी किताबें
नव सृजन मंच के सदस्यों के मुताबिक मेले में स्टॉलों पर दो लाख से अधिक किताबें मौजूद होंगी। इनमें हर तरह के पाठकों को उनके टेस्ट की किताब उपलब्ध कराने का इंतजाम होगा। साहित्य और धार्मिक किताबों के अलावा बच्चों की रोचक किताबों के अलग-अलग स्टॉल होंगे। महिलाओं के लिए मेंहदी, पाकशास्त्र, योगशास्त्र और सौंदर्य से जुड़ी किताबें भी मौजूद होंगी। प्रतियोगी विद्यार्थियों के लिए मेला उपयोगी साबित होगा। किताबों के डिजिटल रूप की उपलब्धता मेले में रहेगी।