पसका/गोंडा। जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में मंगलवार तक सुधार किया जाएगा। ऐसे में लेखपाल की जांच में सूची की हकीकत सामने आ रही है। वोटरलिस्ट में पंजीकृत कई मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है। कई की शादी हो गई। मगर पंचायत की मतदाता सूची से ऐसे लोगों का नाम नहीं हटाया गया। अब ऐसे मतदाता सूची से हटाए जाएंगे।
सोमवार को क्षेत्रीय लेखपाल इंद्रेश वर्मा ने परसपुर के अंदूपुर में दावे व आपत्तियों की जांच की। उन्होंने बताया कि संबंधित पंचायत में 43 आपत्तियां दर्ज की गईं। उनकी जांच की जा रही है। सूची में पंजीकृत कई मतदाता मृत बताए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने पंजीकृत कई मतदाताओं की आयु 18 वर्ष न पूरे होने के दावे किए। विवाह होने पर ससुराल जा चुकी कई युवतियों का नाम भी वोटरलिस्ट में पंजीकृत पाया गया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बीएलओ की ओर से इस तरह के फर्जी मतदाताओं को सूची से नहीं हटाया गया। राजनीतिक दबाव में आकर सूची में नाम छोड़ दिया।
लेखपाल का कहना है कि दावे व आपत्तियों संबंधित दस्तावेजों की मांग की गई। जांच के बाद सूची में पात्र मतदाताओं को जोड़ा जाएगा। अपात्र को सूची से हटाने की कार्रवाई होगी।
आज दावे व आपत्तियों की जांच का आखिरी मौका
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी नारायण ने बताया कि पंचायत चुनाव की अनंतिम सूची प्रकाशित करने के बाद राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से छह जनवरी तक दावे व आपत्तियों की जांच के लिए समय दिया गया है। ऐसे में मंगलवार तक जांच पूरी करने के बाद पांडुलिपियां तैयार की जाएंगी। सात से 12 जनवरी के बीच तहसीलों में हस्तलिखित पांडुलिपियां जमा की जाएंगी। 13 से 28 जनवरी तक फीडिंग व मैपिंग का काम होगा। छह फरवरी को मतदाता सूची का फाइनल प्रकाशन होगा।