डाला छठ महापर्व पर मंगलवार को व्रती महिलाओं व श्रद्धालुओं ने शाम को अस्ताचलगामी भगवान आदित्य को अर्घ्य देकर पूजा की। महिलाओं ने छठ माता व भगवान आदित्य का पूजन कर पुत्र रत्न की प्राप्ति, संतान की दीर्घायु तथा निरोगी व कंचनकाया के साथ-साथ सुख-समृद्घि का आशीर्वाद मांगा।
छठ व्रत रखने वाली महिलाओं का जमावड़ा मंगलवार दोपहर से ही पवित्र नदियों व सरोवरों के तट पर होने लगा। शाम होते ही महिलाओं ने पानी में खड़े होकर अस्ताचलगामी भगवान आदित्य की पूजा की।
तरह-तरह के फलों व पूजन सामग्री के साथ व्रती महिलाओं व उनके परिवारीजन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ पूजा में शामिल हुए। चार दिन तक चलने वाले इस व्रत का पारण बुधवार सुबह उदय होते सूर्यदेव को अर्घ्य देने के बाद किया जाएगा।
राप्ती नदी के सिसई घाट, झारखंडी महादेव मंदिर स्थित सरोवर के तट पर तथा बलरामपुर चीनी मिल स्थित दुर्गा मंदिर में डाला छठ व्रती महिलाओं व श्रद्धालुओं की भीड़ जुटी रही।
देर शाम तक अस्ताचलगामी भगवान आदित्य को अर्घ्य देकर पूजा-अर्चना का क्रम जारी रहा।