घायल महिला को सीएचसी शिवपुरा में भर्ती कराया गया है। लगातार हमलों से खौफजदा ग्रामीणों पिंजड़ा लगाकर तेंदुए को पकड़वाने की मांग की है।
बनकटवा रेंज के ग्राम अतरपरी निवासी बाबूूूराम ने बताया कि मंगलवार रात घर के बरामदे में सो रही उसकी पत्नी राजरानी (35) के दाहिने हाथ को तेंदुए ने जबड़े से जकड़ लिया। इस पर राजरानी चीख पड़ी तो तेंदुआ उसे खींचकर ले जाने लगा। मगर इसी बीच शोर सुनकर परिवार के लोगों के साथ ही आसपास के लोग दौड़ पड़े।
टॉर्च की रोशनी पड़ते ही तेंदुआ राजरानी को छोड़कर जंगल की ओर भाग गया। तेंदुए के हमले से राजरानी के हाथ समेत शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं हैं। गांव के लोगों ने रेंजर पीडी राय को सूचना दी। वन रक्षक जमील अहमद ने मौके पर पहुंचकर राजरानी को परिवार की मदद से सीएचसी शिवपुरा में भर्ती कराया।
सीएचसी अधीक्षक रविनंदन त्रिपाठी ने बताया कि घायल राजरानी की हालत खतरे से बाहर है। रेंजर ने मौके पर वन विभाग की टीम को छानबीन के लिए भेजा है। रेंजर ने बताया कि पीड़ित महिला का इलाज वन विभाग की तरफ से कराया जा रहा है।
ग्रामीणों ने तेंदुए के नरभक्षी होने की शिकायत की है। तेंदुए के नरभक्षी होने की पड़ताल की जा रही है। जंगल के करीब के गांवों के ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। पिजड़ा लगाकर तेंदुए को पकड़ने का प्रयास शुरू कर दिया गया है। शीघ्र ही तेंदुए को पकड़कर उसके नरभक्षी होने की जांच की जाएगी।
-पीडी राय, रेंजर बनकटवा रेंज, सोहेलवा वन क्षेत्र