गोंडा। जिले में सोमवार को नए साल के पहले दिन रोडवेज के यात्री बीच रास्ते में फंस गए। हिट एंड रन के नए प्रावधान के विरोध में सुबह पांच बसें निकाली गईं।
इसके बाद 97 बसों रोडवेज बसों का संचालन ठप हो गया। वहीं दो बसें करनैलगंज से लौट आईं।
इतना ही नहीं, रामनगर में संदीप नाम के चालक से मारपीट के बाद रोडवेज चालक दहशत में आ गए हैं। नए साल पर लोग उल्लास के साथ घूमने के लिए निकले थे। प्राइवेट व रोडवेज बसों के संचालन न होने से करीब 30 हजार यात्रियों बीच रास्ते में फंसे रहे।
गोंडा रोडवेज चालक रामनायक शुक्ल ने बताया कि चालक व परिचालक हड़ताल पर नहीं है। सुबह पांच बसें रवाना की गईं, लेकिन बाराबंकी के रामनगर, रानीबाजार और करनैलगंज में मारपीट की घटना के बाद चालक दहशत में आ गए। रोडवेज बसों में तोड़फोड़ के साथ चालकों से अभद्रता व अनहोनी के चलते बसों का संचालन नहीं किया जा रहा है।
वहीं, सुबह से ही यात्री को घंटों तक सड़कों पर बसों का इंतजार करना पड़ा। इसके बाद बैटरी रिक्शा व अन्य वाहनों से उन्हें आवागमन करना पड़ा। वजीरगंज निवासी राशिद ने बताया कि लखनऊ के लिए रोडवेज की बसें पकड़ने के लिए आए थे। रेलवे स्टेशन गए तो वहां ट्रेन पहले से रद्द चल रही हैं। बेलसर के हरखापुर निवासी संजीव दूबे व उनकी छोटी बेटी परी दूबे को लेकर लखनऊ के लिए निकले थे, लेकिन कोई बस नहीं मिल सकी।
लखनऊ-बलरामपुर राजमार्ग रहा जाम
संचालन ठप होने व नए साल पर उमड़े हुजूम के चलते सोमवार को लखनऊ-बलरामपुर राजमार्ग जाम रहा। इस दौरान ट्रैफिककर्मियों के जाम छुड़ाने में पसीने छूटे तो घंटों तक आम राहगीर से लेकर इमरजेंसी वाहन फंसे रहे। गुरुनानक चौक से लेकर बड़गांव पुलिस चौकी के अलावा मुन्नन खां चौराहे तक जाम की स्थिति रही।
तोड़फोड़ व अनहोनी के चलते नहीं संचालित हो सकी बसें
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक कपिल देव के अनुसार, सुबह पांच बसों का संचालन किया गया। पर देशव्यापी हड़ताल के चलते संचालन नहीं हो सका। करनैलगंज व रामनगर समेत स्थानों पर चालकों के अभद्रता की बात सामने आई है। गोंडा रोडवेज के चालक संदीप से अभद्रता की गई है।