रेलवे अधिकारियों के मुताबिक सर्वे पूरा होने के बाद ट्रैक बिछाया जाएगा। यह बाईपास बन जाने से जनपद के चालीस लाख लोगों को सीधे प्रयागराज व वाराणसी आने-जाने में सहूलियत होगी। अभी तक जनपदवासियों को अयोध्या, वाराणसी व प्रयागराज जाने के लिए मनकापुर स्टेशन जाकर ट्रेन पकड़नी पड़ती है। यही नहीं जो ट्रेनें गोंडा से चलती हैं, वे इंजन का साइड बदलने के लिए मनकापुर में 45 मिनट तक रोकी जाती हैं।
पूरी होगी दशकों से चली आ रही मांग
इस रेलवे बाईपास के बन जाने से जनपदवासियों की कई दशकों से की जा रही मांग भी पूरी हो जाएगी। जिले के लोग काफी समय से गोंडा से प्रयागराज के बीच ट्रेन चलाने की मांग करते आ रहे हैं। अभी तक लोगों को मात्र आश्वासन ही मिलता रहा है। इस बार के रेलवे बजट में बाईपास रेलवे लाइन की व्यवस्था बन जाने से लोगों की आस पूरी हो जाएगी।
झिलाही रेलवे स्टेशन का बढ़ेगा महत्व
झिलाही व टिकरी बाईपास रेलवे लाइन बिछ जाने से झिलाही स्टेशन का महत्व भी बढ़ जाएगा। अभी तक यहां मात्र पैसेंजर ट्रेनें ही रुकती हैं। स्टेशन की व्यवस्था भी अच्छी नहीं है। बिजली, पेयजल सहित अन्य सुविधाओं में बढ़ोतरी होगी। माना जा रहा है कि यह स्टेशन लखनऊ के ऐशबाग स्टेशन की तरह हो जाएगा। झिलाही स्टेशन के अंतर्गत एक दर्जन से अधिक ग्रामसभा के करीब 20 हजार लोगों को सीधे फायदा मिलेगा।
जल्द पूरा होगा सर्वे
पूर्वोत्तर रेलवे के अधिशासी अभियंता निर्माण प्रकाश चंद का कहना है कि जल्द ही झिलाही से टिकरी रेलवे स्टेशन के बीच बाईपास लाइन का सर्वे कार्य पूरा कराया जाएगा। इसके बाद ट्रैक बिछाने का काम शुरू हो जाएगा।