झमाझम बारिश के चलते सोमवार को लोगों को जहां उमस भरी गर्मी से राहत मिली, वहीं किसान गदगद हो गए हैं। उधर, बरसात होने से पहाड़ी नाला खरझार में उफान आ गया है। इससे ललिया-महराजगंज तराई मार्ग पर आवागमन बंद हो गया है। सड़क कटकर नाले में समा रही है।
सड़क धंसने से एक बैलगाड़ी भी मिट्टी में धंस गई। लोगों ने सड़क कटने तथा बैलगाड़ी फंसने पर आक्रोश जताते हुए शासन-प्रशासन से जल्द से जल्द मार्ग की मरम्मत कराने की मांग की है।
सोमवार को हुई भारी बारिश के चलते खरझार पहाड़ी नाले में उफान आ गया है। नाले के उफान के चलते पुल के पास महराजगंज-ललिया मार्ग पर कटान के कारण आवागमन ठप हो गया है।
सड़क पर मिट्टी धंसने से एक बैलगाड़ी धंस गई। नाले में उफान से नन्हुवापुर, बनकटवा, तिवारीडीह, प्यारेडीह, परसिया गौरी, मजगवां, हड़हिया, लैबुडवा, लैबुड्डी व फकीरीडीह समेत करीब एक दर्जन गांव पानी से घिर गए हैं। सैकड़ों एकड़ धान व दलहनी फसल पानी में डूब गई है।
महराजगंज-ललिया मार्ग बंद होने से सैकड़ों क्षेत्रवासियों ने खरझार नाला पुल पर खड़े होकर प्रदर्शन किया तथा शासन-प्रशासन से शीघ्र सड़क की मरम्मत कराकर आवागमन शुरू कराने की मांग की है।
क्षेत्रवासी उमर प्रधान, जन सुरक्षा संघर्ष समिति के अध्यक्ष राजेंद्र वर्मा, सपा नेता राम कुमार यादव, मेहताब व अरविंद आदि ने डीएम से शीघ्र सड़क की मरम्मत की कराने की मांग करते हुए मांग पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।