फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Gonda News: पुलिसकर्मी बन एनकाउंटर का भय दिखाकर व्यापारियों से ऐंठी रकम, तीन गिरफ्तार

Wed, 14 May 2025 11:13 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
विज्ञापन
विज्ञापन
खरगूपुर (गोंडा)। पुलिसकर्मी बनकर ठगी करने वाले तीन जालसाजों को खरगूपुर पुलिस ने बुधवार को झालीधाम मोड़ के पास से गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से ठगी की रकम बरामद हो गई है।
विज्ञापन



नगर पंचायत के रहने वाले रोहित ने बताया कि 12 मार्च को इटियाथोक पारासराय पांडेय पुरवा निवासी शशांक पांडेय उनकी दुकान में घुस आया। उसके दो अन्य साथी खरगूपुर के बल्हीजोत निवासी राजू तिवारी और इटियाथोक के विशुनपुर तिवारी निवासी राकेश शुक्ला बाहर खड़े हुए थे। शशांक ने खुद के साथ ही अपने दोनों साथियों को पुलिस वाला बताया। थाने की बैटरी कबाड़ में खरीदने का झांसा दिया।
इसके बाद पीड़ित को अपनी बाइक पर बैठाकर थाने से करीब पांच सौ मीटर पहले सुनसान जगह ठग पीड़ित को वहां पर एनकाउंटर की धमकी देने लगा। इससे पीड़ित बुरी तरह से सहम गया। आरोपी 27 हजार रुपये लेकर वहां से भाग गए। पीड़ित ने जानकारी शुरू की तो पता चला कि इसी तरह से अन्य लोगों से ठगी हुई है। बीते 30 जुलाई को विशुनपुर कस्बा निवासी रितेश कुमार को सरसों खरीदने का झांसा दिया। उन्हें खरगूपुर सीएचसी ले गए वहां जान से मारने की धमकी देते हुए 25 हजार रुपये ऐंठ लिया।
विज्ञापन

11 मई को विशुनापुर कस्बा निवासी अब्दुल कैय्यूम के घर में दोस्त बनकर चंदा मांगने के लिए घुस गए। पीड़ित ने आरोपियों की फोटो मुंबई में रहने वाले युवक को भेजा तो आरोपी वहां से भाग निकले थे। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि पीड़ितों की संयुक्त तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर झालीधाम मोड़ से गिरफ्तार किया गया है।


सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई थी आरोपियों की तस्वीर

थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू की गई तो पीड़ितों ने फुटेज मुहैया कराया। इसके आधार पर पहचान की गई। इसके बाद ठगों को दबोचा गया है। आरोपियों के कब्जे से छह हजार रुपये बरामद किए गए हैं। उन्होंने बताया कि पिछले कई महीनों से आरोपी सक्रिय होकर वारदात को अंजाम दे रहे हैं। आरोपियों की जानकारी जुटाई जा रही है।


पुलिस आरोपियों की जुटा रही आपराधिक इतिहास

पुलिस पकड़े गए आरोपियों का आपराधिक इतिहास एकत्र करने में जुटी हुई है। थानाध्यक्ष ने बताया कि आरोपी बलरामपुर में भी पकड़े गए थे। इसी तरह से देहात कोतवाली में भी वारदात को अंजाम देने के बाद जेल गए। उन्होंने बताया कि आरोपी से पूछताछ में अहम जानकारी मिली थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें