गोंडा। बहुचर्चित अयोध्या विवाद का आखिरकार शनिवार को फैसला आ ही गया। इस प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट के फैसले का जिले के धर्मगुरुओं ने स्वागत किया है। धर्म गुरुओं ने कहा कि कोर्ट के फैसले का सभी देशवासियों को सम्मान करना चाहिए। धर्म गुरुओं ने कहा है कि अब अयोध्या के मंदिर और मस्जिद का विवाद खत्म हो चुका है अब लोगों को देश की तरक्की व सौहार्द कायम रखने के लिए सोचना चाहिए। इस बारे में अमर उजाला ने अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट के आये फैसले से धर्म गुरुओं से उनकी प्रतिक्रिया जानी। धर्मगुरुओं ने कहा कि विवाद का पटाक्षेप हो चुका है अब सब को सिर्फ देश की तरक्की के बारे में सोचना चाहिए। पेश है कोर्ट के फैसले पर जिले के धर्मगुरुओं की कहीं बातें -
सर्वोच्च न्यायालय का फैसला सही
सर्वोच्च न्यायालय का फैसला सही आया है। सभी धर्म के लोगों को इस ऐतिहासिक फैसले का सम्मान करना चाहिए। यह फैसला किसी के हार जीत का नहीं है। सभी लोग शांति व्यवस्था बनाये रखने के साथ एक दूसरे की भावनाओं का सम्मान करें।
-जगदम्मा प्रसाद तिवारी, महंथ पृथ्वी नाथ मंदिर खरगूपुर ।
सत्य की जीत हुई है
अयोध्या पर सर्वोच्च न्यायालय ने बहुत महत्वपूर्ण फैसला दिया है। इस फैसले से सत्य की जीत हुई है। अब सभी को कोर्ट के फैसले का सम्मान करना चाहिए। समाज के लोगों को चाहिए की वह शांति व्यवस्था बनाये रखें। इस फैसले से अब बड़े विवाद का अन्त हो गया है। अब समाज के लोगों को चाहिए कि वह मिलजुल कर रहें।
-नरसिंह दास, पीठाधीश्वर झालीधाम मंदिर छपिया।
संतों की मुराद पूरी हुई
देश को सुप्रीम कोर्ट के फैसले की काफी दिन से आस लगी हुई थी। हमारे संतों की मुराद पूरी हुई है। मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम चंद्र हमारे पूर्वज हैं। अयोध्या में श्रीराम मन्दिर का बनना हिंदू समाज के लिए गौरव की बात है। हम सब कोर्ट के इस फैसले का स्वागत करते हैं।
-साहेब दयाल दास, महंत हनुमान दास कुटी वीरपुर सुबेदार।
मंदिर निर्माण से सौहार्द के खुलेंगे रास्ते
अयोध्या पर कोर्ट का फैसला आ जाने से मंदिर निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। मन्दिर निर्माण हो जाने से सौहार्द के रास्ते खुलेंगे। कोर्ट के फैसले का सभी धर्म वर्ग के लोग स्वागत करें। इस फैसले पर सभी संयम रखें ताकि देश में सुख शान्ति बनी रहे। किसी के भावनाओं को ठेस न पहुंचे इसका ख्याल रखें।
-धमेन्द्र मोहन गिरी, पुजारी खैरा भवानी मंदिर गोंडा।
कोर्ट के फैसले का सम्मान करना है
अयोध्या के मामले पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आया है इसका सभी को सम्मान करना है। मुल्क में तरक्की व खुशहाली के लिए समाज के सभी वर्ग की भागीदारी हो इसके लिए काम होना चाहिए। कोर्ट के फैसले के बाद मुल्क में हर हाल में अमनो-चैन बना रहना चाहिए।
-कारी निसार अहमद मीनाई, प्रिंसिपल दारूल अमीरूल उलूम मीनाईया गोंड ।
अदालत के फैसले का इस्तकबाल करते हैं
अयोध्या विवाद पर मुल्क के सबसे बड़ी अदालत का जो भी फैसला आया है उसका इस्तकबाल है। मुल्क के आईन के मुताबिक सभी वर्ग के लिए तरक्की का काम हो। सभी वर्ग के लोग मिलजुल कर रहें और हर हाल में सौहार्द बनाए रखें ताकि देश तरक्की के रास्ते पर चल सके।
-सै. सलमान वारसी, सज्जादा नशीन दरगाह कुतुबे गोंडा।
सुप्रीम कोर्ट का फैसला सभी को मानना है
अयोध्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट का जो फैसला आया है वह सभी को मानना है। मुल्क हम सब का है इसकी तरक्की में कोई रुकावट न हो इसके लिए सबको मिलकर रहना है। कोर्ट के फैसले के बाद सभी को मुल्क में अमन चैन कायम रहे इसका ख्याल रखना होगा। मिलजुल कर रहने से ही मुल्क तरक्की करेगा।
-कारी मोहम्मद सफी, सदर मदरसा समशुल उलूम वारसिया गोंडा।
सुप्रीम कोर्ट का फैसला कुबूल है
अयोध्या मामले में जो सुप्रीम कोर्ट का फैसला आया है वह कबूल है। मुल्क में गंगा-जमुनी तहजीब को कायम रखने के लिए काम करते रहना है। मुल्क तरक्की के रास्ते पर चले इसके लिए सबको सोचना चाहिए। फैसले का सभी को स्वागत करना चाहिए।
-सैय्यद शुएबुल अलीम बकाई, सदर यतीम खाना सफविया करनैलगंज।