तरबगंज के सिंगहाचंदा में मतदाता सूची का अवलोकन करते ग्रामीण। स्रोत: ग्रामीण
जयप्रभाग्राम/तरबगंज/गोंडा। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की अनंतिम मतदाता सूची को लेकर आपत्तियां आने लगी हैं। जयप्रभाग्राम निवासी ओमप्रकाश ने आरोप लगाया कि बीएलओ व सुपरवाइजर ने जानबूझकर उनका नाम काट दिया। अन्य लोगों ने भी अधिकारियों से शिकायतें दर्ज कराई हैं। वहीं, बूथ स्तर पर बीएलओ दावे व आपत्तियां नहीं ले रहे हैं।
इटियाथोक के जयप्रभा निवासी ओमप्रकाश ने एसडीएम सदर से दावा किया कि मौजूदा ग्राम प्रधान होने के बावजूद बीएलओ व सुपरवाइजर ने जानबूझकर उनका नाम काट दिया। साथ ही 100 से 150 अन्य मतदाताओं का भी नाम काट दिया गया। जबकि मृतक व बाहरी वोटरों को सूची से नहीं हटाया। गड़बड़ी की जानकारी चाही तो संतोषजनक जवाब देने के बजाय तहसील में दावे व आपत्तियां दर्ज कराने की बात कह रहे हैं।
बीएलओ रामकुमार ने बताया कि उन्हें 420 डुप्लीकेट मतदाताओं की सूची मिली थी। घर-घर जाकर आधार की मांग की गई। मतदाताओं का नाम दो जगह होने से कट गया। एसडीएम सदर अशोक गुप्ता का कहना है कि जयप्रभा ग्राम प्रधान की ओर से शिकायत मिली है। कहां से लापरवाही की गई है? इसकी जांच कराई जाएगी। सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी नारायण का कहना है कि 30 दिसंबर तक मतदाता अपने दावे व आपत्तियां देकर नाम में संशोधन कराने के साथ ही नाम जुड़वा व कटवा सकते हैं। तहसील, ब्लॉक और बूथ स्तर पर बीएलओ को भी दावे व आपत्तियां दी जा सकती हैं। सभी पात्र मतदाताओं को सूची में शामिल करने के निर्देश हैं।
तहसील स्तर से फीडिंग में हुआ खेल
तरबगंज के सिंगहाचंदा निवासी विशाल पाठक ने दावा किया कि 18 वर्ष आयु पूरी करने वाले 65 मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करने के लिए दिया गया। मगर एक भी नाम नहीं बढ़ाया गया। आरोप लगाया कि बड़े पैमाने पर वोटरलिस्ट में खेल किया गया। अभी भी बाहरी मतदाता सूची में पंजीकृत हैं। पात्र मतदाताओं को बाहर कर दिया गया। बीएलओ वेदप्रकाश ने बताया कि 319 नाम बढ़ाने के लिए तहसील में फॉर्म जमा किए हैं। तहसील स्तर पर फीडिंग में गड़बड़ी हुई है। एसडीएम विश्वमित्र सिंह का कहना है कि दावे व आपत्तियां दे सकते हैं। जिनका नाम छूटा है, बढ़ जाएगा।
नाम कटने पर लोगों ने जताई नाराजगी
गोंडा। करनैलगंज के परसपुर बसंतपुर आंटा गांव में पंचायत चुनाव की मतदाता सूची से 165 लोगों के नाम गायब हो गए हैं। इस पर ग्रामीणों ने नाराजगी जताई। साथ अधिकारियों से मिलकर विरोध जताया है। आरोप लगाया कि बीएलओ ने विरोधियों से मिलकर नाम हटाया है। ऐसे में उन्हें मताधिकार से वंचित कर दिया गया।
लापरवाही मिलने पर तय होगी जिम्मेदारी
मतदाता अपने दावे व आपत्तियां दे सकते हैं। सुधार किया जाएगा। अगर कोई शिकायत आती है तो संबंधित की जिम्मेदारी तय की जाएगी। निर्वाचन कार्यों में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आलोक कुमार, एडीएम