गोंडा में धूल भरी आंधी के बीच आवागमन करते लोग। - संवाद
गोंडा। गर्मी ने शुक्रवार को भी खूब परेशान किया। सुबह से ही तेज धूप ने लोगों का पसीना छुड़ाया। शाम को धूलभरी आंधी चलने से थोड़ी देर के लिए राहत मिली। हालांकि इसके बाद उमस एक बार फिर बढ़ गई।
शुक्रवार को सुबह से ही तीखी धूप के साथ गर्म हवा चलने लगी। दोपहर एक बजे धूप इतनी तेज हो गई कि लोग सड़क पर निकलने से बचने लगे। एलबीएस चौराहा, गुरुनानक चौराहा, बड़गांव पुलिस चौकी, अंबेडकर चौराहा पर लोगों की आवाजाही कम दिखी। शाम करीब चार बजे धूलभरी आंधी चलने लगी। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी दोपहिया सवार तमाम लोग सड़क किनारे रुक गए। हवा चलने से थोड़ी देर के लिए मौसम में नमी तो आई लेकिन शाम छह बजे के बाद उमस फिर बढ़ गई।
जिला आपदा प्रबंधक राजेश श्रीवास्तव के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम तापमान 41.2 व न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
हीट स्ट्रोक व उल्टी-दस्त से पीड़ित पांच भर्ती
भीषण गर्मी व हीट स्ट्रोक के कारण मेडिकल कॉलेज में मरीजों की संख्या बढ़ रही है। शुक्रवार को झंझरी ब्लॉक के पास रहने वाली नेहा को हीट स्ट्रोक के चलते भर्ती किया गया। रानीपुरवा निवासी ललित को उल्टी दस्त व पेट दर्द होने पर भर्ती कराया गया। रानी बाजार निवासी अनन्या, मुंडेरवा कला निवासी ऋतिक व राजा मोहल्ला निवासी फजल खान को उल्टी-दस्त व पेट दर्द होने पर भर्ती कराया गया। ईएमओ डॉ. एमके गुप्ता ने बताया कि गर्मी के दिनों में पानी की कमी होने से डायरिया का खतरा बढ़ जाता है। प्रतिदिन पांच से सात लीटर पानी पिएं। बासी खाना व तला भुना खाने से बचें। धूप में सिर ढंककर निकलें। बाहर निकलते समय पानी की बोतल व ओआरएस का पाउडर साथ रखें।