मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में इलाज करते चिकित्सक। - संवाद
गोंडा। गर्मी का सितम लोगों की सेहत भी खराब कर रहा है। तापमान बढ़ने से बुखार, अनिद्रा, चिड़चिड़ापन, गुस्सा, मानसिक असंतुलन बढ़ने के मामले सामने आ रहे हैं। मेंटल सीजनल डिफेक्टिव डिसऑर्डर से ग्रसित तमाम मरीज मेडिकल पहुंच रहे हैं। आंकड़ों की बात करें तो ओपीडी में आने वाले हर 10 मरीज में से छह इन बीमारियों के ही हैं। शनिवार को उल्टी व दस्त के नौ मरीज भर्ती कराए गए हैं।
मालवीय नगर निवासी पंकज कुमार अपने पिता रामकुमार को लेकर शनिवार को मेडिकल काॅलेज पहुंचे। बताया कि पिता पूरी रात जागते रहते हैं। इससे काफी परेशानी हो रही है। यही नहीं, मनकापुर की शोभा देवी को बात-बात पर गुस्सा आ रहा है। चिकित्सकों की मानें तो इसके पीछे बढ़ता तापमान अहम कारण है। गर्मी के मौसम में सूर्य की किरणें सीधे लोगों के दिमाग पर पड़ती हैं, इससे लोग डिप्रेशन का शिकार हो जाते हैं। उनमें चिड़चिड़ापन सहित अन्य लक्षण आने लगते हैं। मेडिकल कॉलेज के चिकित्साधिकारी डॉ. शोएब इकबाल का कहना है कि गर्मी का असर दिख रहा है। ऐसे में लोगों को सेहत के प्रति विशेष सजगता बरतने की आवश्यकता है। शनिवार को जिले का अधिकतम तापमान 43.6 डिग्री व न्यूनतम 31 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
गर्मी में बिजली की आंखमिचौली से बढ़ी दुश्वारी
गायत्रीपुरम, सिविल लाइंस, पोर्टरगंज, मालवीय नगर, बड़गांव में बिजली संकट से लोग परेशान हैं। कोई लो वोल्टेज की समस्या बता रहा है तो कोई अन्य दिक्कत। विद्युत उपकेंद्र इटियाथोक में शनिवार सुबह पांच बजे से चार घंटे की रोस्टिंग की गई। सुबह करीब नौ बजे आपूर्ति शुरू हुई। इसके एक घंटे बाद उपकेंद्र के स्विच यार्ड में लगे इनकमिंग फीडर द्वितीय में खराबी आ गई। इससे टाउन, ईस्ट, साउथ व बलरामपुर फीडर के 150 गांवों की बिजली आपूर्ति बंद हो गई। अवर अभियंता अजय कुमार गुप्त ने बताया कि दोपहर करीब 02:30 बजे इनकमिंग फीडर को दुरुस्त कर आपूर्ति बहाल करा दी गई।
बीज लेने निकले बुजुर्ग की रास्ते में मौत
तरबगंज के अकबरपुर निवासी 87 वर्षीय बिंदेश्वरी प्रसाद शनिवार को धान के बीज लेने के लिए रामपुर बाजार जा रहे थे। रास्ते में मंशापुरवा के पास एक पेड़ के नीचे रुक गए। वहीं पर उनकी मौत हो गई। भाजपा नेता अनुपम प्रकाश मिश्र ने इसकी पुष्टि की है। पुलिस ने मामले की जानकारी से इन्कार किया है।