जिले में अग्निकांडों से होने वाली तबाही का सिलसिला गुरुवार को भी जारी रहा। तीन गांवों में आग लगने से 32 मकान जल गए। आग बुझाने के प्रयास में एक व्यक्ति झुलस हो गया। वहीं, 15 बीघे गेहूं की फसल भी आग की भेंट चढ़ गई।
बुधवार देर रात ललिया थाना क्षेत्र के बढ़ईपुरवा गांव में ओंकार के घर अज्ञात कारणों से आग लग गई। आग की चपेट में आकर जिलेदार, रक्षाराम, रंजीत, बाबूराम, मुंशीराम व जवाहर लाल के घर जल गए।
आग से सामान बचाने के चक्कर में ओंकार झुलस गए। ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया। वहीं, पचपेड़वा थाना क्षेत्र के कटईयाभारी गांव में सुबह चूल्हे की चिंगारी से मोहम्मद रईस के घर में आग लग गई।
आग से पड़ोसी रमजान व राम मिलन का घर व सामान जल गया। उधर, गुरुवार दोपहर जरवा कोतवाली क्षेत्र के कुशहवा गांव में जुम्मन अली के घर अज्ञात कारणों से आग लग गई।
आग की चपेट मे आकर पड़ोसी अब्दुल रज्जाक, राम सागर, राम शंकर, नानबाबू, छोट्टन, शौकत, दुर्गेश कुमार, शिव प्रसाद, दीनानाथ, विक्रम, मुकुट लाल, राम नरेश तथा शारदा प्रसाद समेत 22 लोगों के मकान जल कर राख हो गए। आग की चिंगारी से गांव के निकट स्थित किसानों की 15 बीघा गेहूं की फसल भी जल गई। फायर कर्मियों तथा ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया।