गोंडा। शहर में अवैध टैक्सी स्टैंड हटाने की मुहिम परवान नहीं चढ़ रही है। मुख्यमंत्री के आदेश के बाद प्रशासनिक अधिकारियों समेत परिवहन व पुलिस टीम ने अभियान चलाकर अवैध टैक्सी स्टैंड हटवाए मगर टैक्सी संचालकों की मनमानी फिर शुरू हो गई। पहले से संचालित स्थानों पर दोबारा टैक्सियों का जमावड़ा शुरू हो गया है। झंझरी ब्लॉक समेत शहर में पांच स्थानों पर अभी भी अवैध टैक्सी स्टैंड के संचालन से हर रूट की सड़कों पर अतिक्रमण है। ऐसे में सड़क पर चलना मुश्किल हो गया है। टैक्सियों का अवैध संचालन रोकने से पुलिस भी पीछे हट रही है।
सड़क हादसों में लगातार लोगों की जान जा रही है। इसमें कमी लाने के लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों संग वर्चुअल बैठक में शहरों में अवैैैध टैक्सी स्टैंड हटाने के आदेश दिए थे। जिसके बाद नगर मजिस्ट्रेट के नेतृत्व में परिवहन, नगर पालिका व पुलिस की संयुक्त टीम ने अभियान चलाकर पांच दिन पहले अवैैध टैक्सी स्टैंड के संचालन पर रोक लगा दी थी।
वाहन चालकों को शहर से बाहर कर दिया गया था। मगर दो दिन बाद ही अवैध टैक्सी स्टैंडों का संचालन दोबारा शुरू हो गया। शहर के सभी मार्गों पर जहां से अवैध टैक्सी स्टैंड हटाए गये थे। वहां फिर से टैक्सियों का जमावड़ा लगने लगा है। इससे सड़कों पर जाम की स्थिति बनी रहती है। लोग घंटों जाम में फंसे रहते हैं। टैक्सी चालक मनमानी कर प्रशासन के आदेश को नहीं मान रहे हैं। इससे सड़कों पर लोगों का चलना मुश्किल हो गया है।
शहर में रोक के बावजूद टैक्सी चालक घूम-घूमकर सवारियां भर रहे हैं। टैक्सी चालक सवारियां तलाशने के चक्कर में जगह-जगह टैक्सी रोकते हैं। इससे यातायात व्यवस्था बिगड़ रही है। ये नजारा सबसे अधिक गुरुनानक चौराहे से स्टेशन रोड पर देखने को मिलता है। यही हाल बस स्टॉप से बहराइच रोड का है। यहां टैक्सी चालकों के कारण इंडियन बैंक की मुख्य शाखा से आनंदपुर आश्रम व जिला परिषद कॉलोनी तक जाम लगा रहता है।
नगर पालिका परिषद के पास शहर में टैक्सी स्टैंड के संचालन के लिए भूमि नहीं है। फिर भी नगर पालिका परिषद ने टैक्सी व टैंपो स्टैंड का ठेका उठा दिया। पालिका प्रशासन को ठेके की रकम चुकाने वाले ठेकेदार के पास टैक्सियों के संचालन की जिम्मेदारी है। शहर में टैक्सियां नहीं आएंगी तो टैक्सी चालक ठेकेदार को संचालन के पैसे नहीं देंगे। ऐसे में ठेका लेने वाले ठेकेदार व टैक्सी मालिकों की समस्या बढ़ गई है।
नगर मजिस्ट्रेट अर्पित गुप्ता का कहना है कि अभियान चलाकर शहर से अवैध टैक्सी स्टैंड हटा दिए गये हैं। अगर टैक्सी संचालक शहर में टैक्सी स्टैंड का संचालन करते पाए गये तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। नगर कोतवाल को शहर में टैक्सियों का प्रवेश रोकने के निर्देश दिए गये हैं।