गोंडा। रिजर्व पुलिस लाइन में फर्जी तरीके से नियुक्त पत्र तैयार कर प्रशिक्षण ले रहे रायबरेली निवासी शुभम सिंह की गिरफ्तारी के बाद पुलिस जांच में अहम खुलासे हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि शुभम नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम से लेकर ट्रेनिंग सेंटर तक पहुंच गया। वह मेस में पैसा भी एडवांस में जमा कर चुका था।
एएसपी (पश्चिमी) राधेश्याम राय ने बताया कि गिरफ्तारी से पहले शुभम से लंबी पूछताछ की गई। इसमें अहम खुलासे हुए। उसके पास से कूटरचित नियुक्ति पत्र के साथ ही गृहमंत्री अमित शाह के हाथों से अभ्यर्थियों को मंच पर बुलाने की सुलभता के लिए तैयार की गई एक पर्ची भी मिली है। समय-समय पर खींचे गए कई फोटो भी मिले हैं।
अधिकारियों का कहना है कि लखनऊ में नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में शामिल होने के लिए शुभम ने सफल रिक्रूटों की तरह ही सफेद शर्ट व खाकी पैंट सिलवाई थी। इसके बाद कार्यक्रम में जाने वाली बस के सामने खड़े होकर फोटो खिंचवाया। परिजनों को भी नियुक्ति पत्र व अपने फोटो समेत गतिविधियां साझा कीं। इससे किसी को शक नहीं हो सका। इसके बाद वह ट्रेनिंग के लिए रिजर्व पुलिस लाइन पहुंच गया। यहां पहुंचने के बाद मेस में एडवांस पैसा भी जमा कर दिया। इसके बाद ट्रेनिंग में भी शामिल हुआ।