वर्तमान समय में देश में जाति व धर्म के नाम पर दिया जा रहा आरक्षण गलत है। आरक्षण के बजाय योग्यता का सम्मान होना चाहिए। देश के राजनेता आज वोट के लिए समाज के लोगों के बीच दूरियां बढ़ा रहे हैं।
अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए सरकार को आगे आकर विश्व भर के धर्मगुरुओं से बातचीत करके इसका सर्वमान्य हल निकालना चाहिए। ये बातें रविवार को नगर के रामलीला मैदान में आयोजित परशुराम जयंती समारोह को संबोधित करते हुए राम जन्मभूमि न्यास के उपाध्यक्ष एवं पूर्व सांसद डॉ. राम विलास वेदांती ने कहीं।
उन्होंने कहा कि देश व प्रदेश में व्याप्त भ्रष्टाचार, हिंसा, आतंकवाद व भेदभाव जैसी समस्याओं के निदान के लिए आज फिर परशुराम जैसे भगवान के अवतार की जरूरत है। प्रधानमंत्री की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी में देश के सभी वर्गों को विकास के पथ पर ले जाने की क्षमता है।
चाणक्य सेवा समिति द्वारा आयोजित परशुराम जयंती समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में श्रावस्ती सांसद दद्दन मिश्र, समाजसेवी राजेश्वर मिश्र, एसएसबी के डिप्टी कमांडेंट जनार्दन मिश्र, डॉ. संजेयन त्रिपाठी, अमरेश पांडेय, राकेश मिश्र, अरुण पांडेय, गिरजेश पांडेय आदि ने भगवान परशुराम के कृतित्व व व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
सभी ने एक स्वर में ब्राह्मण समाज की उपेक्षा के खिलाफ लामबंद होकर संघर्ष करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।