गोंडा। राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना के तहत शहरी आवेदकों को बड़ी राहत दी गई है। अब हाईस्कूल प्रमाणपत्र या कुटुंब रजिस्टर न होने की स्थिति में पांच अन्य दस्तावेजों से भी मृतक की आयु का सत्यापन हो सकेगा।
जिला समाज कल्याण अधिकारी सत्यप्रकाश सिंह ने बताया कि शासन ने योजना के अंतर्गत मृतक की आयु प्रमाणित करने के संबंध में नई व्यवस्था लागू की है। इसके तहत यदि नगरीय क्षेत्र के किसी आवेदक के पास हाईस्कूल स्तर का शैक्षिक प्रमाणपत्र और कुटुंब रजिस्टर उपलब्ध नहीं है, तो उसका आवेदन निरस्त नहीं होगा।
ऐसी स्थिति में आवेदक के राशन कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट या पैन कार्ड को भी आयु प्रमाण के रूप में पूरी तरह मान्य किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस नई सुविधा का लाभ लेने के लिए आवेदक को निर्धारित फॉर्म पर एक स्व-घोषणा पत्र भरकर देना होगा। इसमें उसे यह स्पष्ट घोषित करना होगा कि उसके पास शैक्षिक प्रमाणपत्र और संबंधित क्षेत्र का कुटुंब रजिस्टर उपलब्ध नहीं है।
उन्होंने बताया कि यह व्यवस्था केवल शहरी क्षेत्र के आवेदकों पर ही लागू होगी। इसका मुख्य उद्देश्य उन पात्र परिवारों के आवेदन में आने वाली कठिनाइयों को दूर करना है, जिनके पास पहले से तय आयु प्रमाण संबंधी जरूरी दस्तावेज नहीं हैं।