गोंडा। डीएम मार्कण्डेय शाही ने शुक्रवार को कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम की ओर से नगर क्षेत्र में कराए जा रहे निर्माण कार्यों की प्रगति व गुणवत्ता का निरीक्षण किया।
डीएम के निरीक्षण में कार्यों की गुणवत्ता बेहद घटिया मिली। डीएम ने कार्यदायी संस्था को ब्लैकलिस्ट करने के साथ ही एक्सईएन व दो अभियंताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं।
डीएम कार्यदायी संस्था की ओर से पुलिस लाइन में बनाए जा रहे विधि विज्ञान प्रयोगशाला का निरीक्षण करने पहुंचे। जहां निर्माण कार्य घटिया मिला। इसके बाद जिला अस्पताल में 300 शैया वाले अस्पताल तथा आवासीय भवन व जिला महिला अस्पताल में बनाए गए 100 बेड वाले निर्माण का निरीक्षक किया तो वहां भी निर्माण में खामियां मिलीं। इसके बाद डीएम ने मौके पर उपस्थित कार्यदायी संस्था के एक्सईएन एसपी खण्डूरी को कड़ी फटकार लगाई।
डीएम ने एमसीएच विंग की टेक्निकल टीम तथा थर्ड पार्टी से निरीक्षण कराकर रिकवरी कराने तथा एक्सईएन एसपी खंडूरी, अवर अभियंता रत्नेश श्रीवास्तव व अवर अभियंता इरशाद के खिलाफ एफ़आईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान डीएम को जिला अस्पताल में आवासीय भवनों की स्थिति तथा क्वालिटी बेहद खराब दिखी। परिसर व नवनिर्मित व निर्माणाधीन भवनों में बड़े पैमाने पर गंदगी मिली।
महिला अस्पताल में बनाए गए एमसीएच विंग में ओटी लैब तथा कमरों में पानी भरा मिला और छत से पानी टपकता नजर आया। डीएम ने पूरे अस्पताल की वीडियोग्राफी कराकर कार्यदायी संस्था को ब्लैकलिस्ट करनेे व शासन स्तर से बड़ी कार्यवाही कराने के निर्देश दिए हैं।