हरैया सतघरवा ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकर्त्री व सहायिकाओं ने डीपीओ के खिलाफ गुरुवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्त्रियों व सहायिकाओं ने डीपीओ पर जांच के नाम पर उत्पीड़न व धन उगाही का आरोप लगाया। डीएम को ज्ञापन सौंपकर आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों व सहायिकाओं ने डीपीओ के कारनामे की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की।
हरैया सतघरवा ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकर्त्री व सहायिका नीरु वर्मा, सीमा देवी, सुमित्रा, निर्मला, ऊर्मिला, सरोज शुक्ला, रामराजी, नीलम यादव, विमला देवी, फूलमती, सावित्री, शीला, लखराजी, मुन्नी देवी, मिथलेश व रेेेखारानी श्रीवास्तव आदि ने डीएम को ज्ञापन दिया।
इसमें कहा कि 18 जून को डीपीओ वीरेन्द्र कुमार ने आठ केंद्रों का औचक निरीक्षण कर बिना सूचना के अनुपस्थित रहने का जवाब तलब किया है। जवाब न देने पर डीपीओ ने कड़ी कार्रवाई की धमकी दी थी। इन लोगों का आरोप है कि डीपीओ के निरीक्षण के दौरान केंद्रों पर सभी कार्यकर्त्रियां व सहायिकाएं मौजूद थीं इसके बावजूद अनुपस्थित दिखाकर डीपीओ द्वारा शोषण व उत्पीड़न किया जा रहा है। इन लोगों ने डीएम से मामले की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है।
डीपीओ वीरेन्द्र कुमार तिवारी ने बताया कि हर माह 5, 15 व 25 तारीख को पोषाहार वितरण किया जाता है। पोषाहार वितरण की रिपोर्ट न देने पर केंद्रों का औचक निरीक्षण किया जा रहा है। औचक निरीक्षण के दौरान गैरहाजिर रहने पर ही कार्यकर्त्रियों व सहायिकाओं से जवाब तलब किया जा रहा है। कार्यकर्त्रियों व सहायिकाओं के सभी आरोप झूठे व बेबुनियाद हैं। डीएम प्रीति शुक्ला ने मामले की जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन कार्यकर्त्रियों व सहायिकाओं को दिया।