विकास भवन स्थित डीपीआरओ कार्यालय में प्रशिक्षण लेते अधिकारी व कर्मी। स्रोत: विभाग
गोंडा। पंचायत कार्यों को तेज, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए अब कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का सहारा लिया जाएगा। इसके लिए मिशन कर्मयोगी के तहत जिले में दो से आठ अप्रैल तक साधना सप्ताह का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए ऑनलाइन प्रशिक्षण प्राप्त करना अनिवार्य होगा।
जिला पंचायत राज अधिकारी लालजी दूबे ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रत्येक अधिकारी व कर्मचारी को कम से कम चार घंटे का ऑनलाइन कोर्स पूरा जरूरी होगा। इसमें एआई से जुड़ा कम से कम एक पाठ्यक्रम शामिल रहेगा। प्रशिक्षण पूरा करने पर प्रतिभागियों को ऑनलाइन प्रमाण पत्र भी दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस पहल का उद्देश्य कर्मचारियों की कार्यक्षमता बढ़ाना और पंचायत कार्यों में आधुनिक तकनीक का उपयोग सुनिश्चित करना है। एआई, जीआईएस और डेटा विश्लेषण जैसे उपकरणों के जरिए योजनाओं की मॉनिटरिंग, संसाधनों का बेहतर उपयोग और कार्यों की सटीक रिपोर्टिंग संभव हो सकेगी। ई-पंचायत और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से सेवा वितरण को अधिक सरल और पारदर्शी बनाने पर जोर दिया जा रहा है। साधना सप्ताह के तहत ब्लॉक स्तर पर ग्राम पंचायत सचिव, रोजगार सेवक और अन्य कर्मचारियों के लिए भी विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।