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छावनी सरकार में खुलेगा मेडिकल कॉलेज

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गोंडा। मेडिकल कॉलेज खोले जाने का सपना अब पूरा होने जा रहा है। प्रदेश की योगी सरकार ने जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना पर 325 करोड़ रुपये का बजट तय कर दिया है। शहर से सटे छावनी सरकार गांव में जिला कारागार के बगल स्थित 26 एकड़ में से 15 एकड़ भूमि मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए तय की गई है। शासन ने बुधवार की शाम को जिला अस्पताल को उच्चीकृत करके राजकीय मेडिकल कॉलेज के स्थापना की स्वीकृति दिए जाने की जानकारी भेजी है। जिला अस्पताल को उच्चीकृत किए जाने की कार्रवाई पहले ही पूरी कर ली गई है। अस्पताल में 150 बेड़ का उच्चीकृत अस्पताल का भवन पूरा हो चुका है। इससे राजकीय मेडिकल कॉलेज के स्थापना की स्वीकृति की राह पहले ही आसान हो चुकी थी।
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जिले में मेडिकल कॉलेज के स्थापना की उम्मीद अब जाकर पूरी होती दिख रही है। पहली अक्तूबर को प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक में योगी सरकार ने गोंडा जिले में मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। इससे लोगों में उत्साह है, योगी सरकार के फैसले से युवाओं के सपनों के पूरे होते दिख रहे हैं। मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए बीते साल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मनकापुर के वन टांगिया परिवारों को सौगात देने आए थे तो घोषणा की थी। इस पर अमल शुरू हुआ और बीते जुलाई माह में विधानसभा के बजट में गोंडा में मेडिकल कॉलेज के स्थापना को शामिल करते हुए एक लाख की टोकन मनी तय कर दी। इसके बाद शासन की टीम ने जिले में आकर जिला अस्पताल की स्थिति का परीक्षण किया।
जिलाधिकारी ने राजस्व टीम से जांच कराकर भूमि का प्रस्ताव मांगा। जिला अस्पताल को उच्चीकृत करने के साथ ही भूमि की व्यवस्था करने की कार्रवाई पूरी की। शहर से सटे छावनी सरकार में 26 एकड़ भूमि में से 15 एकड़ भूमि को मेडिकल कॉलेज के लिए प्रस्तावित कर दिया। बीते मंगलवार को सरकार ने कैबिनेट बैठक में गोंडा में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इसके बाद बुधवार को शासन में चिकित्सा शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव डॉ. रजनीश दूबे ने जिलाधिकारी को इसकी जानकारी दी। उन्होंने प्रस्तावित भूमि को चिकित्सा शिक्षा विभाग के पक्ष में हस्तांतरित करके रिपोर्ट मांगी है। जिलाधिकारी ने भूमि को हस्तांतरित किए जाने की कार्रवाई शुरू कर दी। उन्होंने बताया कि भूमि को मेडिकल कॉलेज के लिए पहले ही प्रस्तावित किया जा चुका है।
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मेडिकल शिक्षा के साथ ही बेहतर स्वास्थ्य की सुविधा मिलेगी
शहर में राजकीय मेडिकल कॉलेज की स्थापना से युवाओं को जहां मेडिकल की शिक्षा व्यवस्था हासिल होगी, वहीं आम लोगों को बेहतर इलाज की सुविधा भी हासिल होगी। मंडल मुख्यालय होने के बाद भी जिले में मेडिकल कॉलेज की सुविधा न होने से कई बार स्थापना की मांग उठी। समाजसेवी अविनाश सिंह ने बड़े स्तर पर आंदोलन चलाया और अनशन तक किया। अब योगी सरकार के फैसले से वह काफी गदगद हैं। उनका कहना है कि मेडिकल कॉलेज की स्थापना पहले ही हो जानी चाहिए थी।
मेडिकल कॉलेज के स्थापना की स्वीकृति मिल गई है। भूमि का चयन कर प्रस्ताव भेजा जा चुका है। भूमि के हस्तांतरित किए जाने की कार्रवाई की जा रही है। -डॉ. नितिन बसंल, जिलाधिकारी
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