जिले में भू माफियाओं ने सरकारी खाली पड़ी जमीनों पर न सिर्फ खूब कब्जे कर स्कूल कालेज व प्लाट बनाए बल्कि कई जगह कब्जे करने के बाद उसे मोटी रकम कमाकर बेच डाली। अधिकारियों व माफियाओं के गठजोड़ से कभी न तो बड़े पैमाने पर इसकी जांच की गई न ही कहीं कार्रवाई हुई।
सेटिंग गेटिंग के खेल में शिकायतों को दबाकर मामले पर जिम्मेदार ही पर्दा डाले रह गये। अब सरकार के भू-माफिया के खिलाफ कार्रवाई का फरमान जारी किया है। जिले में एंटी भू माफिया टास्क फोर्स का गठन कर दिया गया है। सरकार अब ऐसे जमीनों की खोज के लिए राजस्व विभाग के अधिकारियों की चूड़ी टाइट करनी शुरू की तो गठजोड़ तंत्र में खलबली मच गई है। लेकिन अभी तक जिले में भू माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई नही हो सकी है।
नगर से सटे ग्राम पंचायत जानकीनगर में करीब दो एकड़ से अधिक चरागाह की जमीन पर लोगों ने न सिर्फ अवैध तरीके से कब्जा कर रखा है बल्कि कई लोगों ने कब्जा कर मोटी कीमत में तमाम प्लाट बनाकर बेच डाला जिसका आज तक जिला प्रशासन ने खबर तक नही ली।
दो साल पहले एक हिस्से में कुछ अतिक्रमण को तहसील प्रशासन ने हटवाया था। तबसे विभाग ने चरागाह की भूमि की पैमाईश कराने की जहमत नही उठाई सूत्रों का कहना है कि चरागाह की 90 फीसद जमीन पर अवैध कब्जा हो चुका है। इसी तरह से शहर से सटे कई सरकारी तालाब,वक्फ व अन्य जमीने बिक चुकी हैं।
तहसील सदर क्षेत्र के धानेपुर कस्बे में एक व्यक्ति ने अपनी बताकर कस्बे में स्थित 715 वर्ग फिट सरकारी जमीन को बेच डाला। इसकी क्षेत्र के एक व्यक्ति ने शिकायत की तो जांच में मामला उजागर हुआ। तहसीलदार के निर्देश पर नगर कोतवाली पुलिस ने धानेपुर के मोहम्मद खलील के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी का मामला दर्ज किया है।
इस प्रकरण में तहसीलदार सदर राम नारायन वर्मा ने क्षेत्रीय राजस्व निरीक्षक व लेखपाल को जांच सौंपी। तहसीलदार के निर्देश पर राजस्व निरीक्षक शिव प्रकाश यादव व लेखपाल शिव नन्दन लाल ने जांच की। उन्होंने जांच कर तहसीलदार को सौंपी रिपोर्ट में कहा कि 18 मार्च 2017 तक धानेपुर के मोहम्मद खलील के नाम कोई जमीन नही थी।
मोहम्मद खलील ने कस्बे के 715 वर्गफिट जमीन क ो अपना व भूमिधरी बताकर उसे एक व्यक्ति को कूटरचित दस्तावेज बनवाकर बैनामा कर दिया। उसने लोक सम्पत्ति की क्षति की है। इस पर तहसीलदार राम नारायन वर्मा ने नगर कोतवाली पुलिस को निर्देश दिया कि राधा रमण की ओर से की गई शिकायत की जांच की गई। जांच में आरोप सही पाये गये हैं।