गोंडा। पिता पर पांच माह पहले कुछ लोगों ने जानलेवा हमला कर दिया था। पुलिस ने रिपोर्ट तो दर्ज कर ली। मगर पांच माह बाद भी अभियुक्तों की गिरफ्तारी नहीं हुई। पिता पर हुए जानलेवा हमले के अभियुक्तों की गिरफ्तारी करा दो एसपी साहब..।
शनिवार को कोतवाली करनैलगंज में चल रहे समाधान दिवस की हकीकत परखने पहुंच पुलिस अधीक्षक शैलेश कुमार पांडेय से पीड़ित पिता के बेटे ने कुछ इस तरह कोतवाली पुलिस की लापरवाही बयां करते हुए अभियुक्तों के गिरफ्तारी की फरियाद की। एसपी ने पीड़ित पिता के बेटे को अभियुक्तों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी कराने का भरोसा दिलाया है।
पुलिस अधीक्षक शैलेश कुमार पांडेय शनिवार को अचानक कोतवाली करनैलगंज पहुंचे। उन्होंने कोतवाली परिसर में मौजूद लोगों की शिकायतों को सुना। उनके पहुंचने के बाद करनैलगंज कस्बे के एक प्रतिष्ठित व्यक्ति के परिवार में चल रहा पारिवारिक विवाद का मामला कोतवाली आ पहुंचा।
एसपी ने मामले को सुनने के बाद दोनों पक्षों को समझा बुझाकर मामले का निपटारा कराया। इसी के बाद दो अलग-अलग भूमि विवाद के मामले को सुनने के बाद उन्होंने न्यायालय के आदेश पर कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया। कोतवाली करनैलगंज क्षेत्र के ग्राम सोनहरा के मजरे पुरई पुरवा निवासी जयप्रकाश शुक्ला ने एसपी से अपनी शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि उसके पिता वन दरोगा हैं और मुरादाबाद में तैनात हैं।
26 सितंबर को वह अपने पिता को छोड़ने जिला मुख्यालय जा रहा था। उसी दौरान कुछ लोगों ने उसके पिता पर लाठी, डंडे, कुल्हाड़ी, बांका व ईट पत्थर से हमला कर दिया। उसने पिता को बचाने को प्रयास किया। मगर हमलावरों ने उसके पिता को जमकर मारापीटा। जिससे उनकी हालत गंभीर हो गई और मामले में कोतवाली पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ जानलेवा हमले समेत विभिन्न धाराओं में केस भी दर्ज कर लिया।
मगर पुलिस की लापरवाही इस कदर रही कि पांच माह बाद भी अभियुक्तों की गिरफ्तारी नहीं हुई। जयप्रकाश शुक्ल की पूरी बात सुनने के बाद पुलिस अधीक्षक ने उसे अभियुक्तों की गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया।
इसके साथ ही एसपी ने करनैलगंज कस्बे में गोंडा-लखनऊ मार्ग सकरौरा चौराहे के निकट एक भूमि पर हो रहे कब्जे के मामले को सुना और राजस्व विभाग व पुलिस की टीम की मौजूदगी में भूमि की पैमाइश कराकर मामले के निस्तारण के निर्देश दिए हैं।
समाधान दिवस में तहसीलदार बृजमोहन, कोतवाल संतोष कुमार सिंह, निरीक्षक अपराध बृजेश यादव सहित राजस्व निरीक्षक, लेखपाल व पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।